संवाद न्यूज एजेंसी,
साहा। क्षेत्र के किसानों ने बारिश में पहले खेतों में पानी की मार झेली और अब अनाजमंडी में भी जलभराव होने से बची-कुची फसल के खराब होने का खतरा है। बारिश के कारण साहा क्षेत्र में जलभराव रहा, खेतों में भी फसलें पानी में डूबी रहीं, चूंकि धान की फसल अब पक चुकी है और किसान उसे काटकर मंडी में लेकर पहुंच रहे हैं। लेकिन वहां पानी भरा होने के कारण जगह भी कम है। फसल खराब होने का खतरा है। साहा रिहायशी क्षेत्र काफी समय से जलभराव की मार झेल रहा है। अभी भी कई कॉलोनियों में पानी भरा है। अनाज मंडी के साथ लगी कॉलोनी का पानी अनाज मंडी में प्रवेश कर रहा है। जिससे अनाजमंडी के दोनों प्रवेश द्वार व अंदर परिसर में भी पानी भरा हुआ है। जलभराव के कारण फसल सुखाने के लिए जगह कम पड़ रही है। किसानों का कहना है कि कुछ फसल को खेतों में जलभराव के कारण खराब हुई है और अनाजमंडी में भी पानी खड़ा होने से फसल खराब होने का खतरा है। किसानों और आढ़तियों ने प्रशासन से मांग की है कि अनाज मंडी से जल्द ही पानी की निकासी की जाए और मंडी में सफाई व्यवस्था के साथ जो सड़क टूटी हैं, उनकी मरम्मत की जाए।
नाले के बनने से समस्या होगी खत्म : सुच्चा सिंह
साहा अनाज मंडी आढ़ती एसोसिएशन प्रधान सुच्चा सिंह ने कहा कि अनाज मंडी से पानी बाहर नहीं निकल पा रहा हैै। साहा से इंडस्ट्रियल एरिया की तरफ से होकर एक नाले के लिए जमीन अधिगृहित की गई थी, लेकिन यह नाला नहीं बना। यदि यह नाला बन जाता है तो साहा में जलभराव की समस्या खत्म हो जाएगी। क्योंकि इस नाले के जरिये पानी मारकंडेय नदी में पहुंचेगा। एसोसिएशन की तरफ से मार्केट कमेटी सचिव कविता नरवाल को लिखित में पत्र देकर मांग की थी कि अनाज मंडी से पानी की निकासी करवाई जाए। सचिव द्वारा नहरी विभाग से मांग की गई है कि यहां इंजन लगाकर पानी निकाला जाए।
पंप लगाकर निकाला जा रहा पानी : कविता नरवाल
वहीं मार्केट कमेटी सचिव कविता नरवाल ने बताया कि साहा में पानी निकासी की समस्या पुरानी है। मंडी में साहा आवासीय क्षेत्र का पानी आता है, लेकिन यहां से निकल नहीं पाता है। साहा में बाढ़ की स्थिति भी रही और साहा का सारा पानी अनाज मंडी से होकर गुजरता है। पानी के निकासी के लिए बैठक में उपायुक्त और साहा बीडीपीओ के समक्ष मांग रखी थी। विभाग की तरफ से पंप लगाकर पानी निकाला जा रहा है। जल्द ही धान के लिए पर्याप्त जगह बन जाएगी, इसके अलावा एचएसआईआईडीसी में धान गिराने के लिए जगह उपलब्ध कराई गई है।
सुच्चा सिंह।