अंबाला सिटी। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से महज कुछ घंटे पहले जीटी रोड पर बड़ा हादसा हो गया। चावल के भूसे से भरी एक अत्यधिक ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्राली अनियंत्रित होकर बीच से टूट गई। इस हादसे में ट्रैक्टर का इंजन बीच से टूटकर अलग हो गया, जबकि ट्राली पीछे ही रह गई। इस घटना से पांच घंटे तक राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात प्रभावित रहा लेकिन एनएचएआई की लापरवाही का आलम यह रहा कि लंबे समय तक स्थिति की सुध ही नहीं ली गई।
हादसा वीरवार तड़के करीब तीन बजे हुआ। क्षमता से अधिक चावल का भूसा लेकर ट्रैक्टर-ट्राली पंजाब के संगरूर से हंडेसरा जा रही थी। जीटी रोड से गुजरते समय ट्राली अचानक अनियंत्रित हो गई और लोड ज्यादा होने से ट्रैक्टर बीच से ही दो हिस्सों में टूट गया। इस दौरान कोई अन्य वाहन इसकी चपेट में नहीं आया। हादसे के बाद जीटी रोड पर यातायात की रफ्तार धीमी हो गई। स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी तड़के से ही एनएचएआई के अधिकारियों को फोन मिलाते रहे, लेकिन कोई राहत दल मौके पर नहीं पहुंचा। सुबह आठ बजे हादसे के करीब पांच घंटे बाद एनएचएआई की टीम मौके पर पहुंची। इसके बाद दूसरे ट्रैक्टर को बुलाकर भारी-भरकम ओवरलोड ट्राली को सड़क से हटवाया गया, वहीं क्रेन की मदद से ट्रैक्टर के क्षतिग्रस्त हिस्से को किनारे किया जा सका। सीएम के कार्यक्रम को लेकर प्रशासनिक अमला मुस्तैद था, लेकिन व्यस्ततम जीटी रोड पर 5 घंटे तक हाईवे अथॉरिटी की यह अनदेखी सुरक्षा व्यवस्था और एनएचएआई के आपातकालीन सेवा दावों की पोल खोलती नजर आई। इस संबंध में ट्रैफिक एसएचओ जोगेंद्र सिंह का कहना है कि हादसे के बाद हाइड्रा मंगाकर ट्रैक्टर को हटवा दिया था।