अंबाला सिटी। मोती नगर में छत गिरने से एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत के बाद वीरवार को नागरिक अस्पताल में तीनों के शवों का पोस्टमार्टम कराया। इस हादसे में बची मृतक राजू की बेटी खतीजा का बुरा हाल है। वह वीरवार को दिनभर गुमसुम रही। अभी खतीजा दादी आसारानी और बुआ के साथ एक रिश्तेदार के घर पर है। वह बार-बार घर वालों से अम्मी अब्बू को रह-रहकर पुकार रही थी। जब कोई नहीं आता है तो वह बिलखने लगती। दादी को सात साल की खतीजा को समझाना भी भारी पड़ रहा है।
पोस्टमार्टम में सामने आया कि अंगों पर अधिक दबाव के कारण दम घुटने से तीनों की मौत हुई है। शाम करीब साढ़े छह बजे तीनों को मुस्लिम रीतिरिवाजों के अनुसार अंबाला सिटी जैन कॉलेज के पीछे स्थित कब्रिस्तान में पति-पत्नी और पुत्र को दफनाया गया। इस दौरान पूरे परिवार की आंखें नम थी। इस दौरान मुस्लिम समाज के लोग भी मौजूद रहे।
यह था मामला
बुधवार को मोती नगर में खाना खाते हुए परिवार पर घर की छत गिर गई थी। इसमें 38 वर्षीय राजू उर्फ जावेद अली, उसकी पत्नी 32 वर्षीय अन्नू और उनके पांच वर्षीय बेटा नूर अहमद की मौत हो गई थी। हादसे से पहले तीनाें सदस्य दोपहर का भोजन कर रहे थे। इसी दौरान अचानक ही घर की छत गिर गई तो वहीं सात वर्षीय बेटी खतीजा घर के बाहर खेल रही थी। इसके चलते उसकी जान बच गई। परिवार कई वर्षों से मोती नगर में ही रहता था। मृतक राजू अपने परिवार का पेट भरने के लिए गुब्बारे बेचने का काम करता था।