अंबाला सिटी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. मन पाल रामावत की अदालत ने ने वीरवार को नाबालिग से यौन उत्पीड़न के मामले के दोषी साहा निवासी युवक को तीन साल के कठोर कारावास और 5 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। यह फैसला मंगलवार को सुनाया गया और सजा का आदेश वीरवार को जारी किया गया। अदालत ने कहा कि दोषी अर्थदंड नहीं देता है, तो उसे दो महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। दोषी युवक इस मामले में 8 अगस्त 2023 से हिरासत में है। वहीं दूसरी तरफ फैसले में यह भी उल्लेख किया गया कि पीड़िता और उसके पिता ने क्रॉस-एग्जामिनेशन के दौरान झूठे सबूत देकर अभियोजन पक्ष के केस को कमजोर करने की कोशिश की थी, इसलिए अदालत ने पीड़िता को कोई मुआवजा नहीं दिया। पीड़िता ने 7 अगस्त 2023 को साहा थाने में शिकायत दी थी कि वह रात्रि को साढ़े 9 बजे परिजनों को खाना खिला रही थी। इस दौरान उसकी भाभी ने उसे भाई को देखने के लिए भेज दिया। तभी पड़ोसी युवक ने उसे पीछे से पकड़कर कपड़े से उसका मुंह बांध दिया और उसके साथ गलत हरकत की। पीड़िता के काफी कोशिश करने के बाद भी आधे घंटे तक आरोपी ने उसे छोड़ा नहीं। इसके बाद पीड़िता ने अपने परिजनों को पूरी घटना बताई। सुनवाई के दौरान, दोषी युवक के वकील ने अदालत से आग्रह किया था कि उनके मुवक्किल पर नरमी बरती जाए, क्योंकि वह एक युवा है, अपने बूढ़े माता-पिता का एकमात्र सहारा है। उसका कोई पिछला आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है। ब्यूरो