अंबाला सिटी। दुकान में एटीएम इंस्टालेशन के नाम पर बलदेवनगर की हाउसिंग बोर्ड कालोनी के आशीष कुमार को शिकार बनाया गया। बैंक चार्ज के नाम पर साइबर ठगों ने उससे इंटरनेट के माध्यम से पैसे ट्रांसफर कराए लेकिन जब तीसरी बार मांग हुई तब भुक्तभोगी ने बैंक जाकर पता कराया। अधिकारियों द्वारा ऐसे कोई चार्ज होने से इनकार करते हुए पूरा मामला खुल गया। बंगाल की टाटा इंडिकेशन के विनायक के नाम पर बलदेवनगर थाने में केस दर्ज कर तफ्तीश शुरू कर दी गई।
आशीष के अनुसार वे अपनी दुकान में एटीएम इंस्टाल कराना चाहते थे। ऑनलाइन सिस्टम से उन्होंने कंपनी से आवेदन किया तो विनायक का फोन आया। जानकारी लेने के बाद उसने कहा कि इंस्टालेशन फीस 15 हजार 600 भरें। हेराफेरी से अंजान आशीष ने इंटरनेट बैंकिंग से बताई गई राशि का भुगतान कर दिया। करीब नौ दिन बाद दोबारा फोन कर आरोपी ने कहा कि उनकी फाइल पूरी हो गई है। इसके लिए उन्हें 52 हजार 500 रुपये भरने हैं। पीड़ित ने दो बार किस्तों में पैसे भर दिए। तीसरी बार फोन पर उनसे 35 हजार रुपये मांगे तो शक हुआ। विनायक से पैसे मांगे गए तो उसने कहा कि 15 दिन में आ जाएंगे। इंतजार के 9 महीने बीतने के बावजूद जब कोई हल नहीं निकला तब पुलिस की शरण ली गई।