मुलाना के हेमा माजरा गांव के पास से गुजर रही मारकंडा नदी से गाद निकालते ठेकेदार के कारिंदे। संव
मुलाना। मुलाना से गुजरने वाली मारकंडा नदी हर साल क्षेत्र के एक दर्जन से अधिक गांवों को प्रभावित करती है। यहां तक कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी नदी का पानी आ जाता है।
लंबे समय से स्थानीय ग्रामीण नदी की खोदाई कराने और पक्का बांध बनाने की मांग कर रहे थे। इसके बावजूद प्रशासन नहीं जागा। इस मामले को लेकर लोग जब सांसद वरुण चौधरी के पास पहुंचे तो उन्होंने इसे मुद्दा बना दिया।
सांसद ने खोदाई कार्य न होने को लेकर 31 मई को मुलाना में धरना देने और हस्ताक्षर अभियान के जरिए सरकार को अपना विरोध दर्ज कराने का एलान किया है। इसके बाद एक जून को वह टांगरी पर यही काम करेंगे। जैसे ही यह बात प्रशासन के कानों तक पहुंची तो उन्होंने आनन फानन में काम शुरू करा दिया।
स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि यहां भी एक जेसीबी की मदद से ही खोदाई हो रही है, जबकि बारिश का समय आने वाला है। यह कार्य तो पहले ही हो जाना चाहिए था। संवाद