सिटी के बलदेव नगर में एक प्राइवेट अस्पताल का डाक्टर एक कुंवारी युवती को गर्भवती बताकर विवादों में फंस गया है। युवती ने अपनी मां के साथ डीसी के समक्ष पेश होकर ये शिकायत दी है। इतना ही नहीं युवती ने डाक्टर पर अभद्र बर्ताव व बात करने का भी आरोप लगाया है। अंबाला डीसी मनदीप सिंह बराड़ ने इस शिकायत पर तुरंत कार्रवाई करते हुए अंबाला के सीएमओ डाक्टर विनोद गुप्ता और एडीसी ऑरबिंद शर्मा को मौके पर जाकर मामले की जांच करने के आदेश दिए। दोनों अफसर मौके पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी। लेकिन अभी जांच चल रही है, मंगलवार को बलदेव नगर स्थित प्राइवेट अस्पताल के डाक्टर को तमाम रिकार्ड लेकर सीएमओ कार्यालय तलब किया गया है।
पेट दर्द होने पर डॉक्टर के पास गई थी युवती युवती ने डीसी के समक्ष पेश होकर बताया कि उसके पेट में पिछले कई दिनों से दर्द हो रहा था। इस पर वे बलदेव नगर में एक प्राइवेट अस्पताल में डाक्टर के पास जांच के लिए चली गई। वहां कोई लेडिज डाक्टर उस वक्त नहीं थी। तो पुरुष डाक्टर ने ही उसकी जांच करनी शुरू कर दी। युवती का कहना है कि जांच के बाद डाक्टर ने उससे कहा कि वे तो गर्भवती है। इस पर वे घबरा गई। युवती का आरोप है कि डाक्टर ने उससे कहा कि बिना शादी के वे गर्भवती कैसे बन गई? इसके अलावा भी डाक्टर ने उससे अभद्र भाषा में बातचीत की। जिससे वह बहुत ज्यादा टेंशन में आ गई। युवती ने ये बात अपने घर पर जाकर बताई तो घर के तमाम परिजन भी इस मसले पर टेंशन में आ गए। अंतत: परिजनों ने युवती की दोबारा दूसरे डाक्टर से चेकअप कराया तो वहां दूसरे डाक्टर ने बताया कि युवती को कोई प्रेगनेंसी नहीं है। इस पर परिजनों को राहत तो मिली, मगर इस मामले में युवती को इतनी ज्यादा प्रताड़ना महसूस हुई कि वे सीधे मां को लेकर डीसी के समक्ष पेश हो गई।
डाक्टर को रिकार्ड समेत किया तलबसिविल सर्जन डाक्टर विनोद गुप्ता ने बताया कि एडीसी व वे स्वयं प्राइवेट अस्पताल गए थे। वहां लैब टेक्निशियन तो नहीं मिला। कुछ रिकार्ड तो वहां चैक किया गया है। लेकिन डाक्टर को मंगलवार को अन्य तमाम रिकार्ड व अपना डाक्टर का डिग्री रिकार्ड लेकर सीएमओ कार्यालय में पहुंचने के लिए भी आदेश दिए गए हैं। सीएमओ के अनुसार सिविल अस्पताल की लेडिज डाक्टर से भी युवती की जांच करवाई गई, उसमें भी युवती को प्रेगनेंसी नहीं बताई गई। उनके अनुसार मंगलवार को इस मामले में रिकार्ड चैक होने के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।