फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मोटरसाइकिल पर लगे खून के धब्बों से खुला डिंपल की हत्या का राज, कॉल कर बुलाने वाला दोस्त जॉनी गिरफ्तार

विज्ञापन
विज्ञापन
अंबाला। मोटरसाइकिल पर खून के धब्बे न मिलते तो शायद 36 साल के डिंपल कुमार की मौत का राज कभी न खुलता। डिंपल को मौत के घाट उतारने के बाद दोस्त चुपचाप उसकी मोटरसाइकिल को घर के बाहर खड़ी कर गए थे। परिवार को तब भी हत्या होने का पता नहीं चल पाया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी मौत की वजह पर सस्पेंस दिखा। इसी वजह से परिवार ने डिंपल का अंतिम संस्कार कर दिया। उसकी मौत का सच तब सामने आया जब परिजनों को मोटरसाइकिल पर खून के धब्बे दिखे। हालांकि उसके सिर व चेहरे पर गहरे जख्म थे। तब परिजनों ने सोचा कि मिर्गी का दौरा पड़ने के कारण वह मोटरसाइकिल से गिरकर जख्मी हुआ होगा। पर शक के आधार पर पुलिस को शिकायत दी गई। अब पुलिस ने हत्या में संलिप्त डिंपल के एक दोस्त को गिरफ्तार कर लिया है। शुरूआती पूछताछ में आरोपी ने जुर्म कबूल कर लिया। भाई का आरोप फोन कर घर से बुलाया था डिंपल को ब्राह्मण माजरा के रहने वाले 27 वर्षीय गुरदास राम ने बताया कि 14 अप्रैल को उसके भाई डिंपल कुमार को गांव के ही धर्मेंद्र उर्फ जॉनी ने फोन कर बुलाया था। गुरदास ने इस बात से साफ इंकार कर दिया कि डिंपल दवाई लेने के लिए कैंट आया था। रेलवे में काम करने वाला डिंपल घर से निकलने के बाद सारी रात वापिस नहीं लौटा। परिजनों ने तलाश की लेकिन सुराग नहीं लग पाया। अगले दिन परिजन डिंपल के दोस्त जॉनी व हरनेक के घर भी गए। पर किसी ने डिंपल के बारे में कोई जानकारी नहीं दी। फिर उन्हें नागरिक अस्पताल में एक युवक की लावारिस लाश होने का पता चला। सरपंच के जरिए लाश की फोटो मंगवाई गई। तब डिंपल की पहचान हो पाई। गुरदास ने बताया कि 15 अप्रैल को पोस्टपोर्टम के बाद शव का दाह संस्कार कर दिया गया था। तब भी उन्हें डिंपल की हत्या होने का पता नहीं चल पाया। हालांकि बाद में मुंह पर मास्क लगाए एक युवक ने जॉनी व हरनेक पर डिंपल की हत्या करने का आरोप लगाया। घर के बाहर खड़ी मोटरसाइकिल पर लगे खून के धब्बों से हत्या का शक गहरा हो गया। तब पुलिस को मामले की शिकायत दी गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें