संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। अंबाला कैंट में खुड्डा गांव में स्थित तीन एकड़ में बने फिशरी फार्म पर मत्स्य विभाग को अवैध मंगूर मछली मिली हैं, इसको लेकर उन्होंने कार्रवाई करते हुए मछली फार्म के संचालक को नोटिस थमाया है।
नोटिस में विभाग ने दो दिन का समय देते हुए मछलियों को जमीन पर दफन करने के आदेश दिए हैं। विभाग ने बताया है कि यह मछली पालने वाली सूची से बाहर है, इसकी बिक्री और पालन दोनों देश में बैन है। अंबाला कैंट के निवासी प्रिंस कुमार ने उपायुक्त और जिला मत्स्य अधिकारी को एक शिकायत की थी। जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि खुड्डा गांव में एक व्यक्ति अपने फिश फार्म पर जानलेवा मंगूर मछली का अवैध तरीके से पालन व व्यवसाय कर रहा है।
शिकायतकर्ता ने बताया कि मंगूर मछली का पालन और व्यवसाय पूरे भारत में सरकार व नेशनल ग्रीन ट्रिव्यूनल द्वारा प्रतिबंधित है। प्रिंस कुमार ने यह भी आरोप लगाया कि मंगूर मछली के सेवन से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी हो सकती हैं। उन्होंने शिकायत में संबंधित अधिकारियों से इस मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई करने और फार्म संचालक के अवैध तालाब को सील करने का अनुरोध किया। इस शिकायत की एक-एक प्रति मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और परिवहन मंत्री अनिल विज को भी भेजी गई है। उपायुक्त कार्यालय से इस शिकायत को जिला मत्स्य अधिकारी सुमन रानी के पास भेजा गया। उन्होंने बताया कि फार्म पर जांच की गई थी, जहां मंगूर मछलियां काफी संख्या में मिलीं। फार्म संचालक को दाे दिन का समय दिया है। अगर उन्होंने मछलियों को खत्म नहीं किया तो ड्यूटी मजिस्ट्रेट लेकर फार्म पर कार्रवाई की जाएगी। इन मछलियों को पालने पर मनाही है। हर जानवर को झट से खा जाती हैं।