चंदन पैलेस में हुई 2.48 लाख की ठगी की वारदात सुलझ गई है। सात वर्षीय नाबालिग बच्चे के साथ दो युवकों ने इस वारदात को अंजाम दिया था। लेकिन ठगी की इस वारदात को पुलिस ने नहीं बल्कि खुद ठगी के शिकार हुए शिकायतकर्ताओं ने सुलझाया। मामले में बराड़ा थाना पुलिस ने मुकदमा तो दर्ज किया पर उसके बाद हाथ पर हाथ रख कर बैठी रही। जब पीड़ितों को लगा कि पुलिस आरोपियों को पकड़ने में नाकाम हो रही है तो ठगी का शिकार अमरजीत के भतीजे धर्मेंद्र ने आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। जिसमें कामयाबी मिल गई और शाहाबाद के संगत पैलेस से 7 वर्षीय नाबालिग सहित दो युवक धर्मेंद ने दबोचकर पुलिस के हवाले कर दिया। जिनकी पहचान मध्य प्रदेश में गोरखेड़ी निवासी 19 वर्षीय बादल, राजस्थान में पचोर निवासी 33 वर्षीय सुनील के रूप में हुई है। इनमें नाबालिग 7 वर्षीय नाबालिग और बादल सगे भाई हैं।
यह था पूरा मामला
छावनी के वार्ड 15 प्रभु प्रेम पुरम में 1104 निवासी अमरजीत सिंह की शिकायत पर बराड़ा पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था। शिकायतकर्ता अमरजीत सिंह ने बताया कि उसके साडू की बेटी नवजौत कौर की चंदन पैलेस में 11 दिसंबर को मैरिज थी। बारात आने के बाद जब दूल्हा-दुल्हन आनंद कारज होने के बाद मिलनी की रस्म अदा कर रहे थे तीनों ने योजनाबद्ध तरीके से वारदात को अंजाम देते हुए बैग में रखे 500 के नोट का एक बंडल, 30 हजार का एक अलग बंडल, 11 सौ आस्ट्रेलियन डालर, एक जोड़ी सोने की बालियां, दो जोड़ी चांदी की पाजेब लेकर फरार हो गए थे।
ऐसे सुलझी ठगी की गुत्थी
पकड़े गए तीनों ठग एक और वारदात को अंजाम देने के लिए शाहाबाद में संगत पैलेस में मेहमान बनकर घूम रहे थे। इसी बीच धमेंद्र भी ठगों की तलाश में पैलेस के बाहर पहुंच गया। जहां उसने दिल्ली नंबर की यह गाड़ी देखी तो उसे शक हो गया। क्योंकि उनके शादी समारोह में भी दिल्ली नंबर की गाड़ी में तीनों ठग जाते हुए सीसीटीवी में कैद हुए थे। अब शाहाबाद में आई दिल्ली नंबर की गाड़ी की पुष्टि के लिए धर्मेंद्र पैलेस के अंदर पहुंच गया। इसी बीच उसे समारोह में एक बच्चा घूमता नजर आया। इस बच्चे के आसपास दो युवक मंडरा रहे थे। इस तरह उसका शक पुख्ता हो गया। धर्मेंद्र ने मामले की जानकारी चंदन पैलेस के मालिक चंदन मौंगा को दी। और तीनों को दबोच लिया। पैलेस मालिक ने सूचना बराडा थाना पुलिस को दी। इसके बाद पुलिस पैलेस से पकड़े गए आरोपियों को पकड़ कर थाने में लेकर पहुंची।
नाबालिग बच्चा पहनता था सूटबूट
हुंडई इयोन कार में आने वाले दोनों बालिग ठग खुद तो अलग-अलग वेशभूषा में आते थे। जबकि 7 साल के बच्चे को सूटबूट पहनाकर कर लाते थे ताकि किसी को शक न हो। बराड़ा के संगत पैलेस में भी इन्होंने ऐसे ही वारदात को अंजाम दिया और छावनी के प्रभु प्रेम पुरम निवासी शिकायतकर्ता अमरजीत सिंह की पत्नी गुरदीप कौर का लेडिज बैग चुरा लिया था। सूटबूट में आया 7 वर्षीय बच्चा गुरदीप कौर के पास में बैठ गया था। उसकी पूरी निगाह बैग पर थी। इसी बीच सफेद रंग की कमीज और काले रंग की पैंट में युवक ने बैग उठाने का इशारा किया। बच्चे ने बैग उठाया और हॉल से बाहर निकल गया। बाहर उसे वेटर के रूप में दूसरा ठग मिला। जो उसके पीछे चलता रहा। गेट पर जाकर बच्चे को दोनों ठग मिलते हैं और लेडिस बैग को दूसरे बैग में डाल लेते हैं। यह वारदात सीसीटीवी में भी कैद हो गया था। इसके बाद यह ठग पैलेस के बाहर दिल्ली नंबर की कार में बैठे और वहां से फरार हो गए थे। यह पूरा मामला सोशल मीडिया पर वायरल किया गया था ताकि ठग पकड़े जा सकें।
सूचना मिलते ही पुलिस कर्मचारियों को मौके पर भेज दिया था। पकड़े गए सुनील व बादल ने बताया है कि उन्होंने चंदन पैलेस में नकदी व गहने चुराए थे। जिसके बाद नकदी व गहने अपनी माता के हवाले कर दिए थे। जांच जारी है।
-सतीश कुमार, एसएचओ, बराड़ा।