फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बोर्नवीटा और गुड़ डालकर बढ़ाते थे अफीम का वेट, स्वाद कड़वा करने को मिलाते थे स्टेक्नि पाउडर, मामा-भांजा गिरफ्तार

विज्ञापन
crime - फोटो : Ambala
विज्ञापन
अंबाला सिटी। स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) अंबाला यूनिट ने 2 किलो 800 ग्राम अफीम के साथ मामा-भांजा को धर दबोचा। इस अफीम की कीमत बाजार में करीब 4 लाख 20 हजार रुपये आंकी जा रही है। पकड़े गए उप्र के रामपुर, गांव रसूला के शमशेर सिंह उर्फ शेरा (मामा) व पंजाब के पटियाला, गांव आलमपुर वासी मलकीत सिंह ने (भांजा) पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे किए। कारोबार में वे किस तरह ग्राहकों को चूना लगाते व बेवकूफ बनाते थे।
विज्ञापन

शमशेर सिंह गृहक्षेत्र से 1.50 लाख रुपये प्रति किलो के हिसाब से अफीम खरीदकर पंजाब लाता था। उसके बाद मामा- भांजा बोर्नवीटा और गुड़ मिलाकर नशीले पदार्थ का वेट दो से ढाई गुना बढ़ा लेते थे। उसके बाद स्वाद में कड़वाहट पैदा करने के लिए स्टेक्नि पाउडर मिक्स करते थे ताकि किसी को खाते समय शक न हो। यह पाउडर कड़ावहट के अलावा नशा भी बढ़ाता है। वीरवार-शुक्रवार रात दोनों आरोपियों को कुरुक्षेत्र के पिहोवा-कुरूक्षेत्र रोड पर सब्जी मंडी के सामने रंगेहाथ काबू किया गया।
डेशबोर्ड में छिपाकर सप्लाई करने जा रहे थे नशा
दोनों पॉलिथीन में डालकर नशा डेशबोर्ड में छिपाकर सप्लाई देने जा रहे थे। शमशेर सिंह पहले भी एनडीपीएस के केस में पंजाब पुलिस द्वारा पकड़ा जा चुका है, कोर्ट से जमानत पर है। मामा-भांजा लंबे समय से नशे के कारोबार में हैं लेकिन भांजा पहली बार पकड़ा गया। रामपुर सेे ट्रेन, उसके बाद बस या प्राइवेट वाहन में नशा इधर से उधर करते हैं। पिहोवा थाने में दर्ज केस में आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लिया गया ताकि पूछताछ में मेन सप्लायर को पकड़ा जा सके।
विज्ञापन

यूं पकड़ में आए
-सूूचना थी कि मामा-भांजा नशे के कारोबार में हैं लेकिन रंगेहाथ काबू नहीं आ रहे थे। वीरवार रात पता चला कि दोनों भारी मात्रा में अफीम लेकर कुरुक्षेत्र की तरफ निकले हैं, यदि कार की तलाशी ली जाए तो काबू आ सकते हैं। नंबर के आधार पर रोकी गई कार में जब पूछताछ की गई तो दोनों के हावभाव बदल गए। थोड़ी न-नुकुर की लेकिन बाद में पुलिस के आगे सच उगल दिया। पॉलिथीन से पुलिस को 2 किलो 800 ग्राम अफीम मिली।
मामा-भांजा व्यवसायिक नशा तस्कर हैं। ये लोग अफीम में बोर्नवीटा, गुड़ और स्टेक्नि पाउडर मिक्स कर उसका भार दो से तीन गुना बढ़ा देते थे। उप्र से डेढ़ लाख रुपये प्रतिकिलो के हिसाब से लाया नशा उसी रेट में बेच देते थे। इससे प्रॉफिट भी उतना ही बढ़ जाता है। शेर सिंह पकड़े जाने के बाद पंजाब जेल में बंद रहा, जमानत पर आने के बाद भी नहीं सुधरा। मनप्रीत पहली बार हत्थे चढ़ा। स्टेक्नि पाउडर स्वाद को कड़वा करने के अलावा नशा भी बढ़ाता है। इनके पास मोटे और परचून वाले दोनों तरह के खरीदार हैं।
विज्ञापन

-कुलभूषण, डीएसपी, एसटीएफ, अंबाला यूनिट।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें