दूसरी कक्षा में पढ़ने वाले सात वर्षीय मासूम से कुकर्म के केस में छावनी, सेक्टर-34 स्थित आशियाना काम्लेक्स वासी राजेश कुमार को कोर्ट ने दस साल कैद व 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा दी है। जुर्माना अदा न करने पर दो माह की अतिरिक्त सजा का प्रावधान रखा गया है। दो दिन पूर्व अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश रजनीश बंसल की कोर्ट ने उसे दोषी करार देकर सजा पर फैसले के लिए बुधवार की तारीख निर्धारित की थी। पिछले साल मई माह की घटना में दोषी स्कूल से आ रहे बच्चे को बहाने से अपने साथ सुनसान इलाके में ले गया था। वहां उसके साथ अप्राकृतिक यौनाचार किया था। पीड़ित के पिता के बयानों पर पड़ाव थाने में दर्ज चार पोस्को एक्ट के केस में पकड़ा गया आरोपी तभी से केंद्रीय कारागार में बंद था। फैसले के बाद उसे वापस जेल भेज दिया गया। केस में करीब एक दर्जन गवाह पेश हुए। इनमें पिता, पुलिस, डाक्टर व अन्य लोग शामिल हैं।
जानकारी के अनुसार अन्य बंदियों के राजेश को सुबह कोर्ट में लाकर बक्शीखाने में रखा गया। दोपहर के समय उसे अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश का कोर्ट नंबर छह ले जाया गया। सजा पर फैसले को लेकर अभियोजन व बचाव पक्ष ने अपने-अपने तर्क दिए। अभियोजन पक्ष ने अधिक से अधिक और बचाव पक्ष ने कम से कम सजा की मांग की। दोनों पक्षों को सुनने के बाद फैसला सार्वजनिक कर दिया गया।
केस के अनुसार 23 मई की घटना है। मासूम स्कूल से वापस घर आ रहा था। रास्ते में बाइक सवार दोषी उसे अपने साथ ले गया था। तबीयत बिगड़ने पर जब परिवार ने बच्चे से पूछा तो उसने वास्तविकता बयां कर दी थी। उसके बाद राजेश को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। मेडिकल में कुकर्म की पुष्टि हुई थी।