गांव मंगलई में रविवार को दो गुटों में खूनी संघर्ष हो गया। इसमें दोनों पक्षों के नौ लोग जख्मी हो गए। एक की हालत गंभीर होने पर उसे पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है।
तनाव को देखते हुए गांव में पुलिस बल तैनात है। विवाद जादू टोने की आशंका को लेकर हुआ। घायलों का इलाज अंबाला कैंट सिविल अस्पताल में किया गया है। घटना स्थल पर डीसीपी अर्बन सुरेंद्र पाल ने दौरा किया। साथ ही अस्पताल में भी घायलों के इलाज की जानकारी प्राप्त की।
पुलिस ने बताया कि शनिवार देर रात कुछ लोगों ने श्मशान घाट में दीया आदि जलाया हुआ था। कुछ लोगों को लगा कि यह व्यक्ति जादू टोना कर रहे हैं। इस पर दीया जलाने वालों को पकड़कर अन्य लोग थाने ले आए। बाद में दोनों पक्षों में समझौता हो गया। रविवार को इसी मामले को लेकर दोनों पक्षों में विवाद फिर शुरू हो गया। दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और मारपीट शुरू हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दोनों तरफ से जमकर लाठी, डंडे, ईंटें, तेजधार हथियार चले। संघर्ष में दोनों पक्षों के नौ आठ लोग बुरी तरह से जख्मी हो गए। संघर्ष की जानकारी होते ही पुलिस बल गांव पहुंच गया। संघर्ष में राजदुलारी, पूर्निया, सुरेंद्र कौर, सरोज बाला, नेत्र सिंह, रूपचंद, विजय कुमार, राजपाल, कमलजीत घायल हो गए। सभी को अंबाला कैंट के सिविल अस्पताल लाया गया। गंभीर रूप से घायल राजपाल को पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है।
गांव में तनाव, डीसीपी मौके पर
विवाद के बाद गांव में तनाव है और पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। डीसीपी अरबन सुरेंद्र पाल, एसीपी ट्रैफिक पंखुडी आदि भी अधिकारी मौके पर पहुंच गए। इसके बाद डीसीपी कैंट सिविल अस्पताल पहुंचे। वहां उन्होंने घायलों के इलाज आदि की जानकारी ली।
पुलिस ने इस संबंध में 20 लोगों पर मामला दर्ज किया है। इनमें से आठ को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले के अन्य आरोपियों को भी जल्द काबू कर लिया जाएगा। तनाव को देखते हुए गांव में पुलिस बल तैनात है।
- जगदीप सिंह दून, एसीपी अंबाला कैंट