आरपीएफ और जीआरपी में कर्मचारियों की कमी का खामियाजा ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों को भुगतना पड़ रहा है। आज भी बिना गार्ड और सुरक्षा के कुछ ट्रेन संचालित हो रही हैं। ऐसी ही दो ट्रेनों में लूटपाट के प्रयास की घटना का एक बड़ा मामला सामने आया है। इसमें ट्रेन नंबर 02355 पटना-जम्मूतवी अर्चना एक्सप्रेस और कोरबा-अमृतसर छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस शामिल हैं। दो ट्रेनों में लूटपाट की कोशिश से सुरक्षा एजेंसियां सकते में हैं। ट्रेन टीटीई और गार्ड की सूझबूझ ने लूटखसोट की एक बड़ी वारदात को टाल दिया। शोर मचाकर उन्होंने ट्रेन के यात्रियों को जगा दिया। यात्रियों की आहट सुनते ही एसी कोच का दरवाजे खोल रहे व्यक्ति अंधेरे का फायदा उठाते हुए भाग गए। सूचना मिलते ही जीआरपी और आरपीएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं। प्राथमिक जांच के बाद बराड़ा आरपीएफ पोस्ट पर अज्ञात के खिलाफ रेलवे एक्ट के तहत मामला दर्ज कर छानबीन शुुरू कर दी गई है।
जीआरपी और आरपीएफ सहित अन्य खुफिया एजेंसियां मामले की तह तक पहुंचने का पुरजोर प्रयास कर रही हैं। यह घटना 24/25 मई की मध्य रात्रि लगभग 3 बजे सहारनपुर-अंबाला सेक्शन के मुस्तफाबाद स्टेशन के नजदीक हुई। जहां पहले सिग्नल में खराबी कर 2 ट्रेनों को रोका गया और फिर उन्हें चेन खींचकर वारदात को अंजाम देने की कोशिश की गई। प्राप्त जानकारी अनुसार इस सेक्शन में इस प्रकार के गैंग प्रभावी हैं व पहले भी कई घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। -संवाद
टीटीई द्वारा कंट्रोल पर भेजा गया संदेश
मुरादाबाद मंडल के टीटीई जितेंद्र सिंह की ट्रेन में ड्यूटी थी, उन्होंने घटना के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी कंट्रोल पर उच्चाधिकारियों के साथ सांझा करते हुए बताया कि 24/25 अप्रैल की मध्यरात्रि ट्रेन नंबर 02355 में उसकी व सहयोगी दुर्ग विजय की ड्यूटी मुरादाबाद से लुधियाना के मध्य थी। ट्रेन तड़के लगभग 3 बजे जैसे ही जगाधरी स्टेशन पार करके एक छोटा स्टेशन मुस्तफाबाद को क्रॉस किया, वैसे ही ट्रेन अचानक ब्लॉक सेक्शन में रुक गई। देखने पर पता चला कि ट्रेन रेड सिग्नल पर रुकी हुई है। सिग्नल देखने के लिए जब उसने ट्रेन के दरवाजे खोलकर बाहर की तरफ देखा तो लगभग 12 से 15 अनधिकृत लोग ट्रेन के एसी कोचों में चढ़ने का प्रयास कर रहे थे। जिन कोच के दरवाजेे खुले थे, उन्हें दोनों ने यात्रियों की मदद से जल्द बंद करवाया। उन व्यक्तियों ने उन्हें देख लिया। इतने में उनमें से कुछ लोग दो कोच के बीच के जोड़ को उठा कर घुसने का प्रयास करने लगे। इसके बाद दोनों टीटीई ने युवा यात्रियों को जगाया और उनकी मदद से अनधिकृत लोगों ट्रेन में घुसने नहीं दिया।
चेन खींच कर दोबारा ट्रेन में घुसने का किया प्रयास
टीटीई जितेंद्र ने बताया कि कुछ देर बाद जैसे ही ट्रेन चली तो तुरंत किसी ने चेन खींच कर ट्रेन को दोबारा रोक दिया। इस दौरान अज्ञात लोगों ने दोबारा ट्रेन में घुसने का प्रयास किया। इस दौरान उन्हें आभास हो चुका था कि ये लोग ट्रेन में लूटमार व डकैती के इरादे से घुसने का प्रयास कर रहे हैं। इसलिए उन्होंने सभी कोच के यात्रियों को शोर मचा कर जगा लिया व चौकस रहने को कहा। वह कुछ लोगों को अपने साथ लेकर अज्ञात लोगों को ललकारने लगे और उन्हें ट्रेन से पीछे हटाया। पूरी घटना की जानकारी कर्मिशयल कंट्रोल मुरादाबाद को दी गई। टीटीई ने बताया कि ट्रेन में सहारनपुर से अंबाला के बीच कोई सुरक्षाकर्मी नहीं रहते। ट्रेन के अंबाला पहुंचने पर आरपीएफ स्टाफ ने उनसे संपर्क किया व घटना बारे जानकारी ली।
सुरक्षा दस्ते की मांग
हादसे से घबराए स्टाफ ने भेजे गए संदेश में सुरक्षा पर भी चिंता व्यक्त करते हुए रेल प्रशासन से अनुरोध किया कि रात की ट्रेनों में पर्याप्त सुरक्षा के इंतजाम किए जाएं एवं चेकिंग स्टाफ से अनुरोध है कि इस सेक्शन में अत्यंत सावधानी से काम करें। रात के समय में कोच के सभी दरवाजे बंद हो और अटेंडेंट सहित सफाईकर्मी आदि को भी सजग किया जाए।
जांच जारी
लूटखसोट के प्रयास संबंध में ट्रेन गार्ड व टीटी की तरफ से जानकारी मिली है। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि मुस्तफाबाद स्टेशन के पास सिग्नल के साथ छेड़छाड़ की गई है। रेलवे एक्ट 134 के तहत मामला दर्ज किया गया है। आगामी जांच जारी है।
छतर सिंह मीणा, आरपीएफ चौकी प्रभारी बराड़ा।
नहीं आई शिकायत
सिग्नल में खराबी की वजह से अर्चना, छत्तीसगढ़, बेगमपुरा सहित एक मालगाड़ी रुकी थी। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे कर्मचारियों ने सिग्नल दुरुस्त कर दिया था। ट्रेनों को गंतव्य की तरफ रवाना किया गया। लूटखसोट आदि के संबंध में अभी कोई शिकायत नहीं आई है। अगर शिकायत आएगी तो कार्रवाई जरूरी की जाएगी।
- नरेंद्र कुमार, प्रभारी जीआरपी, यमुनानगर-जगाधरी