संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। टुंडला मोड़ पर पुलिस की पशु तस्करों से मुठभेड़ के दौरान बेगुनाह गरनाला निवासी गुरप्रीत उर्फ हैप्पी पशु तस्कर की गोली से मरा या पुलिस की, इस पर संशय गहरा गया है।
बाइक पर गुरप्रीत के पीछे बैठे उसके दोस्त नच््छतर ने बताया कि तस्करों की गाड़ी विपरीत दिशा में जटवाड़ गांव से टुंडला की ओर आ रही थी। पुलिस की जीप तस्करों की गाड़ी के पीछे थी। दोनों ओर से गोली चली। अब सवाल उठ रहा है कि बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग की तो गोली गुरप्रीत को कैसे लगी। ऐसी स्थिति में फायरिंग की दिशा पुलिस की ओर होनी चाहिए थी।
मृतक के पिता बलजिंद्र सिंह व प्रत्यक्षदर्शी नच्छतर सिंह ने पोस्टमार्टम के दौरान मांग उठाई कि पुलिस यह भी जांच करे कि गोली पशु तस्करों ने चलाई है या फिर पुलिस की लगी है। उधर, इस मामले में पुलिस अधीक्षक अजीत सिंह शेखावत ने कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। फोरेसिंक एक्सपर्ट की रिपोर्ट से पता चलेगा कि आखिर गोली किसकी है।
कैंट के नागरिक अस्पताल में पोस्टमार्टम के दौरान परिजनों से मिलने आए हरियाणा के ऊर्जा मंत्री अनिल विज ने कहा कि गो तस्कर गाय लेकर जा रहे थे। जैसे ही पुलिस को पता लगा तो दो गाड़ियां उनके पीछे लगी थी तो तस्करों ने फायर खोल दिया। जो फायर गरनाला के युवक को लगा। पोस्टमार्टम में पता चल जाएगा कि गोली किसकी है, कौन सी है और क्या है।
मृतक हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी की फाइल फोटो: परिजन
मृतक हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी की फाइल फोटो: परिजन
मृतक हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी की फाइल फोटो: परिजन
मृतक हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी की फाइल फोटो: परिजन
मृतक हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी की फाइल फोटो: परिजन