फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ambala News: निजी स्कूलों में बढ़ी फीस पर दाखिले, फार्म-छह भी पेंडिंग

विज्ञापन
विज्ञापन
अंबाला सिटी। शिक्षा विभाग इस बार निजी स्कूलों से फार्म-छह भराना भूल गया। विभाग ने अभी तक निजी स्कूलों के लिए ऑनलाइन फार्म-छह के लिए आवेदन जारी नहीं किए हैं। इससे निजी स्कूलों ने खुद ही फीस बढ़ाकर दिसंबर और जनवरी माह में दाखिले भी कर लिए।
विज्ञापन

हर वर्ष फार्म-छह को लेकर निदेशालय की ओर से 31 जनवरी तक आवेदन मांगे जाते थे। जिसमें स्कूलों से पूछा जाता था कि वह कितनी फीस बढ़ाएंगे और इस फीस को क्यों बढ़ाया जाएगा। इस बार विभाग ने फार्म-छह ही जारी नहीं किया। वहीं दूसरी तरफ जिला मौलिक शिक्षा विभाग ने जिले के निजी स्कूलों को पत्र जारी कर फार्म-छह एक मार्च तक सबमिट करने के लिए निर्देश दिए गए हैं।
निजी स्कूल इस बात का हवाला दे रहे हैं कि निदेशालय ने जब फार्म-छह के लिए आवेदन ही नहीं मांगे तो वह फार्म-छह कैसे सबमिट करवाएं। निदेशालय की इस देरी का लाभ निजी स्कूल उठा रहे हैं, क्योंकि ज्यादातर निजी स्कूल फीस बढ़ाकर जनवरी के आखिर तक दाखिले कर चुके हैं।
विज्ञापन

फीस बढ़ाने के लिए तय है नियम
दरअसल, हर वर्ष अभिभावकों की ओर से फीस बढ़ाकर दाखिला करने के लिए शिक्षा विभाग के पास निजी स्कूलों की शिकायतें पहुंचती है। इस पर लगाम लगाने के लिए निदेशालय ने बीते वर्षों में नियम बनाया था। जिसमें कहा गया था कि स्कूल पांच प्रतिशत फिक्स और हर वर्ष की महंगाई दर के हिसाब से फीस बढ़ा सकता है। इस वर्ष महंगाई दर 5.3 प्रतिशत रही है यानि स्कूल पिछले वर्ष के मुकाबले इस वर्ष करीब 10.3 प्रतिशत तक ही फीस बढ़ा सकते हैं, हालांकि निजी स्कूल यह फीस तभी बढ़ा सकते हैं, जब उन्होंने फार्म-छह भरकर उसमें जानकारी दी हो, लेकिन इस बार फार्म-छह जारी ही नहीं किया गया। जिससे स्कूलों ने अपनी मर्जी से फीस बढ़ाकर दाखिले भी कर लिए। दूसरी तरफ विभाग फार्म-छह भरने बाद कोई सत्यापन भी नहीं करता। जिससे यह पता चल सके कि किस स्कूल ने कितनी फीस बढ़ाई है।
वर्जन
इस बार अभी तक शिक्षा निदेशालय ने निजी स्कूलों से फार्म-छह नहीं भरवाया है। यह आवेदन एमआईएस पोर्टल पर मांगा जाता है। पहले फार्म-छह के लिए 31 जनवरी तक आवेदन किए जाते थे। अभी तक फार्म-छह नहीं मांगा गया तो वह इस फार्म को भरकर विभाग को कैसे दे सकते हैं। इस बारे में जिला मौलिक शिक्षा विभाग अंबाला की ओर से फार्म-छह सबमिट करने के निर्देश दिए गए हैं।
सौरभ कपूर, प्रदेश प्रवक्ता, हरियाणा प्रोग्रेसिव स्कूल कांफ्रेंस।
वर्जन
हर वर्ष फार्म-छह जनवरी माह तक मांगा जाता है, लेकिन इस बार अभी तक फार्म-छह नहीं भरवाया गया है। जिला मौलिक शिक्षा विभाग अंबाला ने पत्र जारी किया है कि वह फार्म-छह एक मार्च तक जमा करवाएं और एक महीने की ही फीस निजी स्कूल ले सकते हैं। फी एक्ट के लिए अनुसार निजी स्कूल एक से तीन महीने की फीस ले सकते हैं। स्कूलों को मंथली फीस लेने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता। निदेशालय ने फार्म-छह नहीं मांगा है तो कई स्कूलों ने पांच प्रतिशत फिक्स व महंगाई दर के हिसाब से फीस बढ़ा ली है। जब निदेशालय की ओर से फार्म-छह मांगा जाएगा तो वह उसे भरेंगे।
विज्ञापन

प्रशांत मुंजाल, प्रदेश उपाध्यक्ष, हरियाणा प्रोग्रेसिव स्कूल कांफ्रेंस
वर्जन
अभी तक शिक्षा निदेशालय की ओर से फार्म-छह के तहत आवेदन नहीं मांगे गए हैं। जैसे ही विभाग के निर्देश आएंगे, वह लागू करवाए जाएंगे।

सुरेश कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी, अंबाला।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें