अंबाला सिटी। छावनी वायुसेना क्षेत्र में संत नागा बाबा की समाधि पर 11 फरवरी को लगने वाले वार्षिक मेले के लिए गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट कमेटी की ओर से शुक्रवार की सुबह साढ़े छह बजे सिख संगतों ने श्री अखंड पाठ साहिब का शुभारंभ कर दिया है।
इस मौके पर गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट के प्रधान सुरजीत सिंह, उपप्रधान चरनजीत सिंह, कोषाध्यक्ष इंद्रजीत सिंह, सदस्य जुझार सिंह और प्रीतम सिंह ने बताया कि संत नागा बाबा की समाधि का वार्षिक मेला इस बार भी बड़ी ही धूमधाम से मनेगी। इसके लिए सभी तैयारियां हो चुकी हैं। गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट को रंगबिरंगी लड़ियों और गुब्बारे लगाकर सजाया गया है। मेले में विभिन्न राज्यों से आने वाले भक्तों के लिए गुरुद्वारा साहिब में हर प्रकार की व्यवस्था की गई है। शुक्रवार से रविवार तक तीनों दिन गुरुद्वारा सिंह सभा की ओर से गुरुओं के अटूट लंगर लगाए जाएंगे।
वर्षों से चल रही परंपरा
प्रतिवर्ष गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट कमेटी की ओर से इस दिन तीन दिवसीय श्री अखंड पाठ साहिब का शुभारंभ किया जाता है, वहीं तीनों दिन लंगर बरताए जाते हैं। हर वर्ष फरवरी माह के दूसरे सप्ताह में इस वार्षिक मेले का आयोजन किया जाता है। इस मेले में हजारों की संख्या में भक्तजन पहुंचकर संत बाबा की समाधि पर नतमस्तक होते हैं। करीब एक से दो किलोमीटर की पंक्तियों में भक्त खड़े होकर दर्शन करते हैं।
नागा बाबा के बारे में ये है मान्यता
वायुसेना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली संत नागा बाबा की समाधि का विशेष महत्व बताया जाता है। संत बाबा ने 1965 और 1971 की भारत-पाक लड़ाई के दौरान वायुसेना स्टेशन के आसपास गिरे एक भी बम को फटने नहीं दिया। ऐसा करने से भारी नुकसान से बचा लिया था। बुजुर्गों की मानें तो उस समय के दौर में संत बाबा ने सभी बम अपने हाथों में लिए थे। इससे उनके हाथ जल गए, मगर किसी को कोई भी नुकसान नहीं हुआ। यह भी माना जाता है कि वर्ष 1965 में पाकिस्तान की ओर से अंबाला एयरफोर्स स्टेशन की हवाई पट्टी को भी उड़ाने की कोशिश की गई थी। इसके लिए हवाई पट्टी पर बमबारी की थी, लेकिन एक भी बम हवाई पट्टी पर नहीं गिरा, वायुसेना के अन्य क्षेत्र में बनी एक चर्च पर गिरा था। इसी वजह से संत बाबा की आध्यात्मिक शक्ति के आगे सभी नतमस्तक करते हैं। मान्यता यह भी है कि इस समाधि पर भक्तों की मंन्नतें संपूर्ण होती हैं। भक्त बाबा की समाधि पर दूध चढ़ाते हैं और विभिन्न प्रकार के प्रसाद भी अर्पित करते हैं।
फोटो नंबर-41
समाधि पर ज्योत प्रज्वलित से होगा पूजन
गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट के मुख्य ग्रंथी गुरदयाल सिंह ने बताया कि संत नागा बाबा की समाधि पर होने वाले वार्षिक मेले के प्रारंभ में सर्वप्रथम श्री अखंड साहिब पाठ का शुभारंभ किया है। इसका समापन रविवार को सिख संगत की ओर से किया जाएगा। दूसरी ओर शनिवार को वायुसेना अधिकारियों और सैनिकों की मौजूदगी में वायुसेना के अंदर बनी संत नागा बाबा की समाधि से लेकर धूलकोट गांव की ओर लगे मुख्य गेट तक रस्सों और बल्लियों से लोगों के आने जाने के लिए रास्ते की व्यवस्था की जाएगी। सुरक्षा की दृष्टि से रास्तों के दोनों ओर टेंट भी लगाया जाएगा। रविवार को सुबह करीब छह बजे सर्वप्रथम संत नागा बाबा की समाधि पर ज्योत प्रज्वलित कर पूजन होगा। तत्पश्चात संत नागा बाबा की समाधि को भक्तों के लिए दर्शन करने के लिए खोल दिया जाएगा। शाम पांच बजे तक भक्तों को दर्शन करने की अनुमति रहेगी।
अंबाला सिटी के गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट में लंगर व्यवस्था में सेवाए प्रदान करती सिख संगतें।
अंबाला सिटी के गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट में लंगर व्यवस्था में सेवाए प्रदान करती सिख संगतें।
अंबाला सिटी के गुरुद्वारा सिंह सभा धूलकोट में लंगर व्यवस्था में सेवाए प्रदान करती सिख संगतें।