पुलिस का ट्रैफिक मैनेजमेंट पूरी ेतरह से फेल
अंबाला कैंट।
पुलिस का ट्रैफिक मैनेजमेंट अंबाला कैंट में पूरी तरह से फेल हो चुका है। हालात यह हैं कि एक चौक से दूसरे चौक तक जाना ही किसी मुसीबत से कम नहीं हैं। सड़कें गलियों में बदल गई हैं, जबकि रह-रह कर जाम की स्थिति बनती रहती है। सदर बाजार चौक पर पुलिस मौजूद है, लेकिन यहां पर भी हालात सुधरे नहीं हैं, जबकि बजाजा बाजार के डिवाइडर के आसपास भी वाहन पार्किंग ने स्थिति को बिगाड़ दिया है।
अंबाला कैंट गीता गोपाल चौक से लेकर कांग्रेस भवन चौक, सदर बाजार चौक, कबाड़ी बाजार चौक, बजाजा बाजार क्षेत्र ट्रैफिक मैनेजमेंट में औंधे मुंह गिर चुका है। स्थिति लगातार बिगड़ रही है, लेकिन अभी तक कोई खास समाधान नहीं निकल पाया है। पुलिस ने कई बार स्थिति को सुधारने की कोशिश तो की है, लेकिन अभी तक हालात सुधरे नहीं हैं। गीता गोपाल चौक से लेकर कबाड़ी बाजार चौक और दूसरी ओर बजाजा बाजार में हालात यह हैं कि सड़कें गलियों में बदल चुकी हैं। सबसे ज्यादा दिक्कतें इन बाजारों में चौपहिया वाहन लेकर आने वालों के कारण हो रही हैं, जो सड़क किनारे ही अपने वाहन खड़ा कर निकल जाते हैं, जबकि अन्य वाहन चालक परेशान रहते हैं। यदि कोई व्यक्ति दोपहिया वाहन लेकर इस रोड पर किसी काम से आए, तो दस से पंद्रह मिनट के बाद तो उसे वाहन निकालने में ही पसीने छूट जाते हैं।
गीता गोपाल चौक से लेकर सदर बाजार चौक तक कैंट में ट्रैफिक सबसे ज्यादा है। इसी रोड पर अस्पताल, केमिस्ट और अन्य बड़े निजी प्रतिष्ठान हैं। लोग अपने काम से आते हैं और वाहन आधे से अधिक सड़क तक वाहन खड़ा कर देते हैं। इसी तरह बजाजा बाजार में अपने काम से आने वाले लोग अपने वाहन डिवाइडर के आसपास पार्क कर देते हैं। इससे आवाजाही का रास्ता ही नहीं बचता, जिसके कारण जाम की स्थिति बन जाती है।
यह कहते हैं लोग
कैंट के रहने वाले हरीश अरोड़ा, जगदीश लांबा, मनोहर गुप्ता, दीपक शर्मा, मोहिंदर वर्मा का कहना है कि बैंक, अस्पताल, केमिस्ट शॉप सबसे ज्यादा होने के कारण निकलसन रोड पर अक्सर जाम की स्थिति रहती है। अभी तक तो पार्किंग की सुविधा ही नहीं मिल पाई इस रोड पर तो हालात बिगड़ेंगे ही। यदि शुरू से ही इस स्थिति को संभाला जाता और कोई पार्किंग का कोई प्लान बनाया जाता, तो यह हालात न हो। अब तो कैंट सदर एरिया और उसके बाजारों में जाम की स्थिति ही बनी रहती है।