अंबाला कैंट। मुलाना में बस से उतारकर सिख व्यक्ति हरजीत सिंह की हत्या की कोशिश करने वाले आरोपी ने बस में सवार महिलाओं से भी छेड़छाड़ की थी। उससे मारपीट से पहले बस में पीछे बैठी महिलाओं को भी व्यक्ति ने तंग किया था। यह बयान शनिवार को हरजीत सिंह ने मुलाना थाने में शनिवार को दिए। दूसरी ओर हरजीत सिंह को इस हादसे के बाद दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने दिल्ली में ही रोजगार प्रदान करते हुए ड्राइवर पद पर नौकरी दी है जबकि एसजीपीसी अमृतसर ने उसे यह केस लड़ने के लिए अपना वकील व इलाज की भी सुविधा प्रदान की है। हरजीत सिंह सिख समाज से मिले सहयोग से प्रसन्न है। शुक्रवार रात पंजोखरा साहिब गुरुद्वारे में पहुंच उसने एसजीपीसी के अलावा शिरोमणि अकाली दल का इस हादसे में पूरी मदद करने के लिए आभार जताया। इस अवसर पर शिरोमणि अकाली हरियाणा स्टेट यूथ के को-ऑर्डिनेटर गुरजोत सिंह निडर व अन्य भी मौजूद रहे।
यमुनानगर में था ड्राइवर
मूलरूप से पंजाब के तरणतारन निवासी हरजीत सिंह यमुनानगर में ड्राइवर के पद पर कार्यरत था। वह बीते रविवार को अंबाला बस से आ रहा था जब मुलाना में एक युवक ने बस में उसकी पगड़ी उछालते हुए उसके सिर पर ईंट मारकर उसकी हत्या की कोशिश की थी। इस पूरी घटना का वीडियो वायरल हो गया था। एसजीपीसी अमृतसर व दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने इस घटना पर कड़ा रोष जताते हुए डीजीपी से कड़ी कार्रवाई की मांग की थी। पुलिस ने भी तुरंत कार्रवाई करते हुए वायरल हुई वीडियो के आधार पर ही केस दर्ज कर लिया था। तब तक हरजीत के बयान मुलाना पुलिस ने दर्ज नहीं किए थे। शनिवार सुबह मुलाना थाने में पहुंच हरजीत सिंह ने अपने बयान दर्ज करवाए।
दिल्ली में स्कूल बस चलाएगा अब हरजीत
दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने इस घटना पर कड़ा संज्ञान लिया और हर संभव मदद हरजीत सिंह को दी। दिल्ली में कमेटी द्वारा संचालित स्कूल का ड्राइवर हरजीत सिंह को नियुक्त किया गया। हरजीत सिंह ने कमेटी के इस प्रस्ताव पर खुशी जताते हुए इसे स्वीकार भी कर लिया है। दूसरी ओर शुक्रवार रात अंबाला पहुंचे हरजीत सिंह को अकाली नेता गुरजोत निडर ने हर संभव मदद प्रदान की। उन्होंने बताया है कि एसजीपीसी अमृतसर की तरफ से हरजीत का केस अदालत में लड़ा जाएगा साथ ही उसके इलाज का खर्च भी एसजीपीसी उठाएगी। भविष्य में हरजीत को यदि किसी किस्म की और मदद की जरूरत होगी तो वह भी प्रदान की जाएगी। सिख समाज पर ऐसे हमले कभी बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।