अंबाला। नगर परिषद अंबाला सदर के अधीन लगभग 30 हजार प्रॉपर्टी आईडी सत्यापित हो गई हैं, लेकिन 80 हजार आईडी अभी लंबित हैं। लोगों से बार-बार आग्रह करने और जागरूकता अभियान चलाने के बावजूद प्राॅपर्टी मालिक नगर परिषद कार्यालय आने में कतरा रहे हैं।
ऐसे में नगर परिषद अधिकारियों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है, क्योंकि मुख्यालय की तरफ से लगातार निर्देश दिए जा रहे हैं कि इस कार्य को जल्द से जल्द पूरा करें। लगभग तीन माह से यह काम किया जा रहा है। इसलिए अब 100 प्रतिशत लक्ष्य को हासिल करने के लिए नप की टीमें गली-मोहल्लों में घर-घर जाएंगी।
लैपटॉप और टैब के माध्यम से मौके पर ही प्राॅपर्टी मालिकों की मदद से आईडी को सत्यापित करने का काम करेंगी। इससे लोगों को नगर परिषद कार्यालय में आने की परेशानी से भी छुटकारा मिल जाएगा। अगर उनकी प्राॅपर्टी आइडी में कुछ खामी होगी तो उसके लिए मालिक को नगर परिषद कार्यालय आना जरूरी होगा।
इस दौरान उन्हें रजिस्ट्री, आधार कार्ड आदि की कापी लेकर आनी होगी। वहीं निकाय विभाग के पोर्टल पर आपत्ति दर्ज करने के दौरान आवेदक से मोबाइल नंबर भी पूछा जाएगा ताकि ओटीपी के माध्यम से प्रापर्टी से जुड़ी खामी को दूर किया जा सके।
छावनी में हैं 1.10 लाख प्रापर्टी मालिक
नगर परिषद से प्राप्त जानकारी अनुसार अंबाला छावनी सदर के अधीन लगभग एक लाख 10 हजार प्राॅपर्टी मालिक हैं। इन सभी को प्राॅपर्टी के तहत आईडी नंबर जारी किए हैं। इनमें कुछ खामियां थी, जैसे जगह और नाम लेकर दुरुस्त की जा रही हैं। इसके लिए समय-समय पर वार्ड स्तर पर अभियान भी चलाए जाते हैं, जिससे कि लोगों को जो भी परेशानी है, उसका समाधान हो सके और उन्हें बार-बार नगर परिषद कार्यालय के चक्कर न काटने पड़े।
वर्जन
प्राॅपर्टी आईडी को सत्यापित करने का कार्य लगातार जारी है लेकिन लोगों की कम रुचि के चलते अभी तक लगभग 30 हजार प्राॅपर्टी ही सत्यापित हो पाई हैं। इसलिए डोर-टू-डोर कार्रवाई शुरू की गई है, जिससे कि लक्ष्य को प्राप्त किया जा सके।
रविंद्र कुहाड़, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद सदर।