सीएम विंडो : समस्या जस की तस फिर भी समाधान ओके
अमर उजाला ब्यूरो
मुलाना।
सीएम विंडो पर दी गई शिकायत के बावजूद समस्या ज्यों की त्यों है, जबकि संबंधित विभाग इसका स्टेटस ओके दिखा देता है। शिकायतकर्ता इसको लेकर विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठा रहे हैं, जबकि अधिकारी इससे इनकार कर रहे हैं।
पहला मामला
मुलाना के रहने वाले वरुण कुमार ने बताया कि उनके घर के आसपास काफी कचरा फैला रहता है। ग्राम पंचायत से लेकर बीडीपीओ तक को शिकायत दी गई। इसके बावजूद कई दिनों तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने सीएम विंडो पर शिकायत दी ताकि इस समस्या का हल हो सके। इसके बाद ग्राम पंचायत हरकत में आई और फैली गंदगी को रोकने का प्रयास किया, जोकि पूरी तरह विफल रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि इस शिकायत का सीएम विंडो पर स्टेटस देखा तो पता चला कि इसे ओके कर दिया गया है। अब वरुण ने सीएम विंडो पर मामलों के निपटान पर सवाल उठाते हुए पीएम को शिकायत भेजी है। इस बारे में बीडीपीओ बराड़ा सुमन कादियान ने कहा कि मुझे मामले की जानकारी नहीं है। आफिस जाकर ही मामले के बारे में बता सकती हूं। वहीं ग्राम सचिव मुलाना नेत्रपाल राणा ने कहा कि शिकायतकर्ता के सुझाव के मुताबिक ही नाले की स्लैब उखाड़कर कार्य किया था। यदि समस्या अभी बनी हुई है, तो काम किया जाएगा। वहीं बराड़ा सीएम विंडो निगरानी सदस्य कृष्ण राणा ने कहा कि वरुण कुमार की शिकायत पर अधिकारियों द्वारा विश्वास में लेकर हस्ताक्षर कराए गए हैं। समस्या को लेकर जल्द कार्रवाई की जाएगी।
दूसरा मामला
शिकायत के बावजूद सफाई नहीं
गांव मलिकपुर के रहने वाले सोमनाथ ने गंदगी व कब्जों की शिकायत सीएम विंडो पर की थी। लेकिन न तो सफाई हो पाई और न ही कब्जे हटे। उन्होंने बताया कि इस बारे सरपंच को भी कहा गया लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। जोहड़ के पास गंदगी है। सीएम विंडो पर शिकायत के बाद कई दिन पहले बीडीपीओ बराड़ा सुमन कादियान ने टीम सहित मौके का मुआयना किया। बीडीपीओ बराड़ा ने साफ सफाई करवाने की बजाए आश्वासन देकर टाल दिया। आज भी सीएम विंडो पर शिकायत देने के बावजूद हालात जस के तस हैं।
बीडीपीओ बराड़ा सुमन कादियान ने कहा कि मलिकपुर से शिकायत आई थी, लेकिन वहां पर गंदगी नहीं है। कुछ लोग उपले बनाते हैं। यदि फिर भी कोई शिकायत है, तो नियम अनुसार कार्रवाई होगी।