शहजादपुर(अंबाला)। नारायणगढ़-शहजादपुर मार्ग पर 13 मई को गांव बड़ागढ़ के निकट राज्यमंत्री नायब सैनी के राजनीतिक सलाहकार की गाड़ी की टक्कर लगने से थ्री-व्हीलर में सवार गंभीर रूप से घायल संजू की भी पीजीआई चंडीगढ़ में मौत हो गई। इसके बाद लोगों का गुस्सा लगातार दूसरे दिन भी भड़क गया। कार चालक के विरुद्ध कार्रवाई को लेकर सोमवार को शहजादपुर थाना में डेहा समुदाय के लोगों ने धरना दिया। डीएसपी अमित भाटिया ने धरनारत लोगों को आश्वासन दिया कि कार चालक के खिलाफ शीघ्र कार्रवाई करने के साथ-साथ उन्हें उचित मुआवजा दिलवाया जाएगा। आश्वासन के बाद उन्होंने धरना समाप्त कर दिया व मृतक के शव को लेकर चले गए।
11 मई को एक थ्री व्हीलर में बपौली रोड शहजादपुर वासी शिन्दों, सोमी देवी, केसो देवी, बिंदर देवी, पूजा, संजू, सोमा व तीन वर्षीय बच्चे साइमन सहित 8 लोग नारायणगढ़ से शहजादपुर जा रहे थे। गांव बड़ागढ़ के निकट एक गाड़ी ने उन्हें टक्कर मार दी। थ्री व्हीलर में सवार शिंदों देवी व सोमी देवी की मौके पर मौत हो गई थी, जबकि संजू व रवि पीजीआई में उपचाराधीन थे। संजू की भी उपचार के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने कार के नंबर आधार पर मुकदमा तो दर्ज कर लिया था, लेकिन चालक का नाम न लिखने से पीड़ितों में काफी रोष था। मृतकों के परिजनों ने आरोप लगाया था कि कार चालक राज्यमंत्री नायब सैनी सोहन सिंह है, जिसके खिलाफ पुलिस राजनैतिक दबाव के कारण कार्रवाई नहीं कर रही है।