पिछले सप्ताह शॉर्ट सर्किट से फुंक चुकी तार, शिफ्टों में कर रहे चार्ज
संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला सिटी। शहर के बस अड्डे पर ई-बसों को चार्ज करने के लिए नया चार्जर चार महीने बाद भी नहीं लगाया गया। महज दो चार्जर के भरोसे 15 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जा रहा है। इससे बसों को शिफ्टों में चार्ज करना पड़ रहा है। जबकि पिछले सप्ताह सार्क सर्किट से चार्जिंग के दौरान तार फुंक गई थी। अभी एसीडीवी पैनल लगाए जाने का इंतजार हो रहा है।
तकनीकी जानकारों के मुताबिक, नया चार्जर स्थापित करने के लिए सबसे पहले एसीडीवी (अल्टरनेटिंग करंट डिस्ट्रीब्यूशन बॉक्स) पैनल लगाया जाना अनिवार्य है। इसके बाद ही ई-चार्जर को स्थापित किया जाएगा। विभाग ने पैनल लगाने की औपचारिकता तो शुरू कर दी है। लेकिन काम की गति धीमी है।
एक बस को चार्ज करने में लगते हैं 50 मिनट
15 बसों को केवल दो चार्जर से चार्ज करने के लिए कर्मचारियों को दिन-रात के शिफ्टों में काम करना पड़ रहा है। एक बस को फुल चार्ज होने में करीब 50 मिनट का समय लगता है, ऐसे में सभी 15 बसों को चार्ज करना चुनौती बना हुआ है। यदि समय पर नया चार्जर लग जाता है, तो इन सभी बसों को एक साथ और कम समय में चार्ज किया जा सकेगा। इससे शहर में बसों के फेरे भी बढ़ेंगे।
दो चार्जरों पर बढ़ा दबाव
बसों के चार्जिंग लोड की वजह से पिछले सप्ताह चार्जिंग पॉइंट पर शॉर्ट सर्किट हो गया था। इसमें तार फुंक गई थीं, जिससे घंटों चार्जिंग ठप रही। इसके बावजूद विभाग ने नए चार्जर लगाने के लिए कोई तत्परता नहीं दिखाई। वर्तमान में जो दो चार्जर स्थापित हैं, उन पर भी दबाव बढ़ता जा रहा है, जिससे भविष्य में फिर से बड़े हादसे का अंदेशा बना हुआ है।
जल्द एक और नया एसीडीवी पैनल लगाया जाएगा। इसके बाद कंपनी की ओर से नया चार्जर स्थापित कर दिया जाएगा।
- अश्वनी डोगरा, महाप्रबंधक,अंबाला डिपो