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Ambala News: कर्मभूमि एक्सप्रेस से चार संदिग्धों सहित 12 बच्चों को संरक्षण में लिया

Thu, 09 Oct 2025 11:52 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
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अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन की आरपीएफ पोस्ट पर संदिग्ध ुयुवक से पूछताछ करते जिला युवा विकास संगठन
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संवाद न्यूज एजेंसी
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अंबाला। फर्जी आधार कार्ड पर ट्रेन के माध्यम से हो रही मानव तस्करी का भंडाफोड़ हुआ है। मुखबिर की सूचना पर वीरवार को अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन पर पहुंची कर्मभूमि एक्सप्रेस को जब खंगाला गया तो इसके अंदर से 12 बच्चों को संरक्षण में लिया गया। बच्चों के पास रेल टिकट तो था, लेकिन उनकी पहचान के लिए बनाए गए आधार कार्ड फर्जी थे, यानि उन्हें बालिग दिखाने के लिए उनकी उम्र 18 वर्ष दर्शायी गई थी। यह खुलासा जिला युवा विकास संगठन के साथ आरपीएफ व जीआरपी संयुक्त कार्रवाई के दौरान हुआ है। इस दौरान बच्चों के साथ चार संदिग्ध युवकों को भी पकड़ा गया है जोकि अपने को बच्चों के मामा-चाचा बता रहे हैं। सभी बच्चों को चाइल्ड वेलफेयर कमेटी के समक्ष पेश करके ओपन शेल्टर होम भेज दिया गया है, वहीं चारों संदिग्धों से पूछताछ शुरु की गई है।

जम्मू और पंजाब ले जाए जा रहे थे बच्चे
जिला युवा विकास संगठन के अध्यक्ष परमजीत सिंह बड़ोला ने बताया कि उन्हें बिहार की एक संस्था से जानकारी मिली थी कि कुछ बच्चों को ट्रेन नंबर 12407 कर्मभूमि एक्सप्रेस से श्रम मजदूरी के लिए ले जाया जा रहा है जोकि जम्मू और पंजाब के अलग-अलग हिस्सों में भेजे जाएंगे। इस सूचना के आधार पर आरपीएफ व जीआरपी से सहयोग मांगा गया। अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म 6 पर शाम लगभग चार बजे जैसे ही ट्रेन पहुंची तो टीम ने घेरा बनाकर अलग-अलग कोच से 12 बच्चों को संरक्षण में लिया।
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300 से 500 रुपये का दिया लालच
कर्मभूमि एक्सप्रेस में दबिश देकर संरक्षण में लिए गए बच्चों की उम्र 12 से 17 वर्ष के बीच है। प्राथमिक पूछताछ में बच्चों ने सीडब्लयूसी के समक्ष बताया कि वह बहुत गरीब हैं, इसलिए मेहनत-मजदूरी करने के लिए उनके माता-पिता ने उन्हें भेजा है। उन्हें प्रतिदिन के हिसाब से 300 से 500 रुपये का मेहनताना देने का आश्वासन भी दिया गया है। इसलिए घर के हालात को देखते हुए उन्होंने मजदूरी करने का फैसला किया था।

बिहार के हैं सभी बच्चे
जिला युवा विकास संगठन द्वारा संरक्षण में लिए गए बच्चे बिहार से संबंधित हैं। इसमें खगड़िया, मधेपुरा, कटिहार आदि के बच्चे हैं। वहीं पकड़े गए चार युवकों ने खुद को बच्चों के मामा व चाचा बताया है। ऐसे में अब बच्चों के परिजनों से संपर्क किया जाएगा और चारों संदिग्धों के बारे में जानकारी हासिल की जाएगी। अगर बच्चों के परिजनों ने चारों युवकों के बारे में कोई भी संदिग्ध जानकारी दी तो उनके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया जाएगा। इससे पहले भी कर्मभूमि एक्सप्रेस में दबिश देकर 20 के करीब बच्चों को संरक्षण में लिया गया था जोकि जांच-पड़ताल के बाद उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिए गए थे।

जिला विकास युवा संगठन की जानकारी पर कर्मभूमि एक्सप्रेस को खंगाला गया था। ट्रेन में से 12 बच्चों को संरक्षण में लिया गया है, वहीं चार संदिग्ध युवक भी मिले हैं जो खुद को बच्चों का मामा व चाचा बता रहे हैं। बच्चों के पास कुछ आधार कार्ड मिले हैं जोकि प्राथमिक जांच में नकली पाए गए हैं।
- रविंद्र सिंह, प्रभारी आरपीएफ, अंबाला।

12 बच्चों व चार पकड़े गए युवकों को जिला युवा विकास संगठन अपने साथ ले गया है जोकि सीडब्लयूसी के समक्ष प्रस्तुत किए जाएंगे ताकि बच्चों के साथ उनके संबंध की जांच हो सके। इसमें बच्चों के परिजनों की मदद भी ली जाएगी। इसके बाद जो भी रिपोर्ट आएगी, उसके आधार पर ही आगामी कार्रवाई की जाएगी।
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- हरीश कुमार, थाना प्रभारी, जीआरपी अंबाला।

अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन की आरपीएफ पोस्ट पर संदिग्ध ुयुवक से पूछताछ करते जिला युवा विकास संगठन

अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन की आरपीएफ पोस्ट पर संदिग्ध ुयुवक से पूछताछ करते जिला युवा विकास संगठन

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