यात्रियों ने धूलकोट स्टेशन पर चलाया हस्ताक्षर अभियान, पैसेंजर ट्रेन के समय में परिवर्तन की मांग
अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी। चंडीगढ़-अंबाला पैसेंजर ट्रेन के समय में परिवर्तन के लिए शुक्रवार को सुबह दैनिक यात्रियों ने धूलकोट रेलवे स्टेशन पर हस्ताक्षर अभियान चलाया। धूलकोट स्टेशन से इस ट्रेन में सैकड़ों यात्री सुबह चंडीगढ़ ड्यूटी पर जाते हैं। ट्रेन में समय परिवर्तन के लिए संघर्षरत दैनिक यात्रियों ने डीआरएम के नाम पत्र भी लिखा, जोकि स्टेशन मास्टर को सौंपा गया है जबकि आगामी दिनों में यात्री डीआरएम से मिलकर ज्ञापन भी सौंपेंगे। उधर, यात्रियों ने आरोप लगाए कि रेलवे से वह कई बार आग्रह कर चुके हैं, मगर अब तक न तो ट्रेन के डिब्बों की संख्या को बढ़ाया गया और न ही ट्रेन में बेहतर सफाई व्यवस्था है।
सुबह स्टेशन पर दैनिक यात्री राजीव अग्रवाल, सुखदेव शर्मा, जसबीर, जॉनी, लक्की, दविंद्र, विशाल, विकास कुमार, मुकेश, दीपक, सतपाल वर्मा, राजेश मेहता, विकास भारद्वाज, गौरव भारद्वाज व अन्य यात्रियों ने कहा कि रेलवे ने 15 अगस्त से चंडीगढ़ से शाम को अंबाला आने वाली पैसेंजर ट्रेन नंबर 64564 के समय में तब्दीली कर दी है, जोकि सही नहीं है। पहले ट्रेन शाम 6:35 बजे चलती थी जिसका समय रेलवे ने 6 बजे कर दिया है। इससे दैनिक यात्री इस ट्रेन को पकड़ नहीं पाते और मजबूरी में उन्हें बसों से अंबाला पड़ रहा है।
छह डिब्बे और हजारों यात्री, मुश्किल भरा सफर
यात्रियों ने बताया कि ट्रेन में महज छह डिब्बे हैं और ट्रेन में अंबाला कैंट, धूलकोट, दप्पर, लालडू़ आदि स्टेशनों से हजारों यात्री चंडीगढ़ आने-जाने के लिए सवार होते हैं। पूर्व में भी ट्रेन में डिब्बों की संख्या बढ़ाने की मांग को उठाया था, मगर अब तक इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि यात्रियों की संख्या में अनुसार ट्रेन में कम से कम दस डिब्बे होने अनिवार्य हैं, मगर यहां पर ऐसा नहीं है। महिलाओं को भी सफर के दौरान दिक्कत होती है। कई यात्री दरवाजों पर लटककर सफर करने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि अक्सर कोच गंदे होते हैं जिससे सुबह व शाम परेशानी होती है।
कोट्स
यात्रियों की जो भी परेशानी है उसे दूर किया जाएगा। यदि ट्रेन के समय को लेकर कोई दिक्कत आ रही है तो इस पर विचार हो सकता है। फिलहाल अभी यात्रियों की ओर से कोई शिकायत नहीं आई है।
-प्रवीण गौड़ द्विवेदी, सीनियर डीसीएम, अंबाला।