- शाहपुर थाने में दर्ज जालसाजी के मामले में कार्रवाई, देवरिया की रहने वाली है महिला
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। कूटरचित और फर्जी दस्तावेजों के सहारे निजी कंपनी में नौकरी हासिल करने के मामले में शाहपुर थाना पुलिस ने शुक्रवार को एक युवती को गिरफ्तार कर लिया। उसकी पहचान रचना विश्वकर्मा के रूप में हुई है। उसके खिलाफ न्यायालय के आदेश पर सात जून 2025 को जालसाजी का मुकदमा दर्ज किया गया था।
पुलिस के अनुसार, रचना ने शैक्षणिक और अन्य आवश्यक अभिलेखों में हेरफेर कर निजी कंपनी में नौकरी प्राप्त की थी। शिकायत मिलने के बाद मामले की विवेचना शुरू की गई थी। जांच के दौरान प्रस्तुत किए गए दस्तावेजों की सत्यता पर संदेह हुआ, जिसके बाद संबंधित संस्थानों से सत्यापन कराया गया। जांच में यह स्पष्ट हुआ कि नौकरी पाने के लिए प्रयुक्त किए गए कई दस्तावेज फर्जी और अवैध थे।
विवेचना में आरोपों की पुष्टि होने पर शुक्रवार को शाहपुर थाना पुलिस ने रचना विश्वकर्मा को हिरासत में ले लिया। पूछताछ के बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि रचना विश्वकर्मा मूल रूप से देवरिया जिले के मईल थाना क्षेत्र के कसीली उत्तर टोला की निवासी है। वर्तमान में वह गोरखपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत बशारतपुर, रामप्रीत चौराहा के पास किराए के मकान में रह रही थी। इसके अलावा उसका एक पता लखनऊ के गाजीपुर सेक्टर-पांच स्थित इंदिरा नगर का भी सामने आया है।
सीओ गोरखनाथ रवि कुमार सिंह ने बताया कि मामले में सभी बिंदुओं पर गहन जांच की गई। दस्तावेजों के सत्यापन में जालसाजी की पुष्टि होने के बाद रचना की गिरफ्तारी की गई है। यह भी जांच की जा रही है कि फर्जी दस्तावेज तैयार कराने में किसी अन्य व्यक्ति या गिरोह की भूमिका तो नहीं रही।