कोरोना को रोकने के लिए देश में 21 दिनों के लिए लॉकडाउन किया गया है। ऐसे में पूरा कामकाज ठप हो गया है। लॉकडाउन के कारण बाहर से लोग अपने घरों की तरफ चल दिए। घर पहुंचने से पहले की उन्हें प्राथमिक विद्यालय व पंचायत भवन में क्वारंटीन सेंटर में भेज दिया गया।
वहीं निचलौल इलाके में एक पत्नी अपने मंगलसूत्र को बंधक रखकर क्वारंटीन सेंटर में भर्ती पति को भोजन पहुंचा रही है। इसे जानकर आसपास के लोग हैरान हो गए हैं।
दरअसल, रविवार को क्षेत्र के गांव कटका उर्फ कवतरी आंगनवाड़ी केंद्र के क्वारंटीन में दो लोग भर्ती हैं। इसी बीच सेंटर पर रह रहे विनोद की पत्नी वितना देवी पति के लिए घर से खाना लेकर आ गई। वितना ने बताया कि सेंटर पर खाना नहीं बनता है जिसके कारण पति को खिलाने के लिए भोजन लेकर लाई हूं।
आंख में आंसू लिए वितना कहने लगी कि लॉकडाउन के कारण कामकाज ठप हो गया है। भोजन बनाने के लिए घर पर राशन नहीं था। बच्चे भूखे रहते हैं जिसके कारण एक सुनार के घर अपना मंगलसूत्र बंधक रखकर रकम ली है। उसके बाद दुकान से राशन की खरीदारी कर भोजन बनाई हूं। पहले बच्चों को खिलाया बाद में पति के लिए लेकर आई हूं।
इस मामले को लेकर ग्राम प्रधान पति राधेश्याम गुप्ता ने कहा कि सेंटर पर रुके लोगों के लिए भोजन करने के लिए पांच सौ रुपए दे दिया गया है। महिला की परिस्थति के बारे में जानकारी नहीं थी। अब रसोईया सभी लोगों के लिए खाना बनाएगा।