गोरखपुर में समाजवादी पार्टी की प्रेस वार्ता में जमकर हंगामा हुआ। सपा नेता आपस में भिड़ गए। सपा नेता अंशुमान सिंह के समर्थकों और पूर्व जिलाध्यक्ष नगीना साहनी के बीच विवाद हो गया। देखते ही देखते हाथापाई हो गई।
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में समाजवादी पार्टी की एक प्रेस वार्ता के दौरान बड़ा हंगामा हो गया। पार्टी के नेताओं के बीच जमकर मारपीट हुई। इस घटना से प्रेस वार्ता स्थल पर अफरा-तफरी मच गई। सपा नेता अंशुमान सिंह के समर्थकों और पूर्व जिलाध्यक्ष नगीना साहनी के बीच विवाद शुरू हुआ।
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बताया जा रहा है कि यह झगड़ा बैठने की व्यवस्था को लेकर हुआ था। मामूली कहासुनी देखते ही देखते गंभीर हाथापाई में बदल गई। मौके पर मौजूद अन्य वरिष्ठ नेताओं को हस्तक्षेप करना पड़ा। उन्होंने बीच-बचाव कर स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया।
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इस घटना के कारण प्रेस वार्ता को बीच में ही रोकना पड़ा। पूरी घटना का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। यह वीडियो पार्टी के भीतर चल रहे मतभेदों को उजागर करता है।
यह था मामला
लोकतंत्र बचाओ सप्ताह एवं ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान को लेकर गोरखपुर जर्नलिस्ट्स प्रेस क्लब में समाजवादी पार्टी की प्रेस वार्ता चल रही थी। इसी दौरान अचानक माहौल गरमा गया, जब बैठने की जगह को लेकर विवाद शुरू हुआ। सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष नगीना साहनी के साथ मारपीट हुई।
प्रेस वार्ता का आयोजन सपा जिलाध्यक्ष ब्रिजेश कुमार गौतम की ओर से किया गया था। कार्यक्रम में सपा महानगर अध्यक्ष सबीर कुरैशी, पूर्व जिलाध्यक्ष प्रहलाद यादव, पूर्व जिलाध्यक्ष अवधेश यादव, पूर्व विधायक विजय बहादुर यादव, काजल निषाद, संजय पहलवान, पूर्व दर्जा प्राप्त मंत्री डॉ. मोहसिन, जय प्रकाश यादव, रणजीत पासवान समेत पार्टी के दर्जनों वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद थे।
इसी दौरान अंशुमान सिंह के पुत्र कमलेश प्रेस क्लब पहुंचे और काजल निषाद के बगल में बैठने का प्रयास किया। वहां जगह उपलब्ध नहीं होने के कारण पूर्व जिलाध्यक्ष नगीना साहनी से बातचीत शुरू हुई। बातचीत के दौरान विवाद बढ़ा और दोनों के बीच तीखी कहासुनी होने लगी। इसके बाद स्थिति इस कदर बिगड़ी कि नगीना साहनी के साथ हाथापाई हुई और उन्हें थप्पड़ मारा गया। घटना के दौरान अभद्र भाषा का इस्तेमाल हुआ।
जिस समय सपा जिलाध्यक्ष ब्रिजेश कुमार गौतम लोकतंत्र बचाने और वोट बचाने को लेकर मीडिया के सामने अपनी बात रख रहे थे, उसी समय प्रेस क्लब के भीतर पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष के साथ मारपीट की घटना ने पूरी प्रेस वार्ता का रुख बदल दिया। कार्यक्रम का राजनीतिक मुद्दा पीछे छूट गया और प्रेस क्लब में हुए थप्पड़ कांड की चर्चा शुरू हो गई। घटना के बाद सपा जिलाध्यक्ष ब्रिजेश कुमार गौतम ने इसे निंदनीय घटना बताया।
उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जानकारी समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को दी जाएगी और ऐसे असामाजिक तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की जाएगी। जिलाध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि इस तरह की घटना किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। सूचना मिलते ही भारी संख्या में पुलिस पहुंच गई। घटना को लेकर किसी की तरफ से पुलिस को तहरीर नहीं दी गई है।