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Gorakhpur News: विकास के नए आयामों से बन रही गोरखपुर और यूपी की विशिष्ट पहचान : सीएम

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विकास के नए आयामों से बन रही गोरखपुर और यूपी की विशिष्ट पहचान : सीएम
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- सैनिक स्कूल के लोकार्पण कार्यक्रम में बोले सीएम योगी
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि गोरखपुर पौराणिक और ऐतिहासिक कालखंड से महत्वपूर्ण स्थान रहा है। यह महायोगी गुरु गोरखनाथ की साधना स्थली है तो गीता प्रेस के माध्यम से पूरी दुनिया में सनातन साहित्य के प्रकाशन का केंद्र भी। आजादी की लड़ाई में 1857 के प्रथम स्वतंत्रता समर के दौरान शहीद बंधु सिंह के नेतृत्व में गोरखपुर क्षेत्र में अंग्रेजी हुकूमत की चूलों को हिला दिया गया था। 1922 में चौरीचौरा की ऐतिहासिक घटना में आजादी के संघर्ष को नई गति दी। विकास के नए आयामों से गोरखपुर और यूपी की विशिष्ट पहचान बन रही है।

मुख्यमंत्री ने शनिवार को सैनिक स्कूल के लोकार्पण कार्यक्रम में कहा कि गोरखपुर को केंद्र में रखकर देखें तो यहां से 50 किमी की दूरी पर महात्मा बुद्ध की महा परिनिर्वाण स्थली कुशीनगर है। 90 किमी की दूरी पर बुद्ध की जन्मभूमि लुम्बिनी है तो 25 किमी की दूरी पर संत कबीर की परिनिर्वाण स्थली मगहर है। 175 किमी की दूरी पर प्रभु श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या है जबकि 225 किमी की दूरी पर बाबा विश्वनाथ की नगरी काशी है। कहा कि जिस खाद कारखाना परिसर में सैनिक स्कूल बना है, वह कारखाना कभी बंद पड़ा था। आज दोबारा शुरू होने से यह कृषि की उत्पादकता बढ़ाने, कृषि लागत कम करने और आजीविका के नए साधन उपलब्ध कराने के केंद्र के रूप में उभरा है। गोरखपुर में एम्स और बीआरडी मेडिकल कॉलेज से स्वास्थ्य अभियान को गति मिल रही है। चिकित्सा के क्षेत्र में बीआरडी मेडिकल कॉलेज और एम्स प्रतिदिन नए कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं। चीनी मीलों से गन्ना किसानों को अप्रत्याशित लाभ मिल रहा है। अत्याधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, ऐक्सप्रेसवे, सिक्सलेन, फोरलेन के निर्माण से, विकास के नए आयामों से गोरखपुर और यूपी की विशिष्ट पहचान बन रही है।
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पुरातन छात्र के हाथों सैनिक स्कूल का लोकार्पण सौभाग्य की बात

मुख्यमंत्री ने कहा देश में पहला सैनिक स्कूल तत्कालीन मुख्यमंत्री सम्पूर्णानंद ने 1960 में लखनऊ में स्थापित किया था। इसके बाद 1961 में देश के तत्कालीन रक्षा मंत्री ने पांच नए सैनिक स्कूल भी प्रारंभ किए थे। उन्होंने उपराष्ट्रपति का स्वागत करते हुए कहा कि हमारा सौभाग्य है कि 1962 से 1969 की अवधि में चितौड़गढ़ सैनिक स्कूल के पुरातन छात्र, उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के कर कमलों द्वारा इस सैनिक स्कूल का लोकार्पण किया जा रहा है।
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तीन वर्ष में बनकर तैयार हुआ सैनिक स्कूल
सीएम योगी ने कहा कि तीन वर्ष की अल्प अवधि में बनकर तैयार हुआ गोरखपुर का सैनिक स्कूल भविष्य की पीढ़ियों का भविष्य संवारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायेगा। 176 करोड़ रुपयों की लागत से बन रहा यह पूर्वी उत्तर प्रदेश का पहला सैनिक स्कूल है, जिसमें कक्षा 6 से 12 तक छात्र-छात्राओं को आवासीय शिक्षा की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। यह सैनिक स्कूल भविष्य की पीढ़ियों का निर्माण करेगा तथा जीवन के कर्तव्यों का बोध कराने में सहायक सिद्ध होगा। सैनिक संस्थान से निकले विद्यार्थी भविष्य में राष्ट्र निर्माण एवं विकसित भारत का मार्ग प्रशस्त करेंगे।
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