गोरखपुर। लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़े असलहा तस्करी नेटवर्क की जांच में एसटीएफ ने दो और संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है। जांच एजेंसी हथियारों की खरीद, उनकी आपूर्ति और पूर्वांचल में बिक्री से जुड़े संपर्कों की पड़ताल कर रही है। जांच का मुख्य उद्देश्य हथियारों के स्रोत का पता लगाने के साथ ही यह जानना है कि उन्हें पूर्वांचल तक पहुंचाने और स्थानीय स्तर पर खरीदारों तक पहुंचाने में किन लोगों की भूमिका थी।
बिहार के पश्चिमी चंपारण जिले के चिउटाहां निवासी शशांक पांडेय उर्फ पंडित का नाम हथियारों की आपूर्ति से जुड़े मामले में सामने आया था। जांच एजेंसी उसकी तलाश में जुटी है। इस मामले में मध्य प्रदेश और हरियाणा से हथियारों की खरीद और पूर्वांचल में उनकी आपूर्ति किए जाने की बात भी सामने आई है। हालांकि, हथियारों की खरीद और आपूर्ति से जुड़े सभी संपर्कों और संबंधित लोगों की भूमिका की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
एसटीएफ अब तक सामने आए आरोपियों से मिली जानकारी और नए संदिग्धों से पूछताछ में मिलने वाले तथ्यों का मिलान कर रही है। इसके साथ ही उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों और संदिग्धों के बीच संपर्कों की भी जांच की जा सकती है। एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हथियारों की आपूर्ति किन माध्यमों से की जाती थी और उन्हें किन लोगों तक पहुंचाया गया। एसटीएफ इंस्पेक्टर सत्यप्रकाश सिंह ने बताया कि कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। उन्होंने कहा कि जल्द ही असलहा तस्करी से जुड़े अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया जाएगा।