गोरखपुर जिले में बुजुर्ग समेत तीन लोगों ने फंदे से लटककर खुदकुशी कर ली। गुलरिहा, बांसगांव और गीडा इलाके में हुई घटनाओं के बाद पुलिस ने मौत की वजह जानने के लिए शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। किसी भी मामले में अभी तक खुदकुशी की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है।
गुलरिहा इलाके के शिवपुर सहबाजगंज निवासी बसंत सिंह (85) ने फंदे से लटककर खुदकुशी कर ली। जानकारी के मुताबिक, बृहस्पतिवार रात खाना खाकर बसंत कमरे में सोने चले गए। नतिनी अर्चना सिंह अपनी मां के साथ कमरे में सोने चली गई। शुक्रवार सुबह जब बसंत के कमरे में गई तो बिस्तर पर नहीं थे। बाहर के गेट में ताला बंद था। नतिनी ढूंढते हुए छत पर पहुंची तो देखी बांस की सीढ़ी के सहारे छत पर चढ़कर रेलिंग में नायलान की रस्सी के फंदे से लटका हुआ बसंत को शव मिला। नतिनी ने बताया कि पिता की मृत्यु के बाद से ही बाबा अवसाद में रहते थे।
बांसगांव प्रतिनिधि के अनुसार इलाके के कोपवा गांव में ससुराल आए सुनील यादव (40) ने गांव के बाहर बाग में फंदे से लटकर आत्महत्या कर ली। गगहा क्षेत्र के ढढसी निवासी सुनील बृहस्पतिवार रात खाना खाने के बाद सोने चला गया। सुबह पास के गांव के लोग शौच के लिए निकले तो सुनील का लटका शव देखे। घटना की सूचना गांव के लोगों द्वारा थाने पर दी गई। पुलिस ने प्रधान व गांव के लोगों के सहयोग से शव को नीचे उतार कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
कुंडे से लटका था युवक का शव
गीडा इलाके के नौसड़ में युवक ने घर के अंदर कुंडा के सहारे लटककर खुदकुशी कर ली। जानकारी के मुताबिक, नौसड़ निवासी रामगति निषाद मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण करते हैं। इनके तीन पुत्रों और दो पुत्रियों में सबसे छोटा पुत्र 18 वर्षीय शिवम निषाद ऑटो चलाता था। घर में आए दिन किसी भी बात को लेकर कहासुनी होती रहती थी। बृहस्पतिवार देर रात शिवम कमरे में जाकर अंदर से दरवाजा बंद कर लिया। परिजनों को अनहोनी की आशंका हुई, जिसपर आवाज दी गई, लेकिन दरवाजा नहीं खुला। सूचना पर पहुंची पुलिस दीवार के कुछ हिस्से को गिरा कर अंदर गई तो शिवम का शरीर कुंडा के सहारे लटकता मिला। उसे जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया।