गोरखपुर। सेंट एंड्रयूज कॉलेज एक बार फिर चर्चाओं में है। इस बार शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर कॉलेज प्रशासन चौतरफा घिर गया है। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय प्रशासन ने हाईकोर्ट के निर्देश पर 25 शिक्षकों की नियुक्ति को अनुमोदन से इन्कार कर दिया है। शासन ने भी मामले में कमिश्नर से रिपोर्ट मांगी है। कमिश्नर ने डीएम को जांच कर आख्या देने का आदेश दिया है।
बताया जा रहा है कि अल्पसंख्यक आयोग की ओर से नियुक्ति प्रक्रिया पर सवाल उठाने के बाद हाईकोर्ट ने डीडीयू प्रशासन को निर्देश दिया था। इन नियुक्तियों के अनुमोदन को लेकर कॉलेज प्रशासन ने डीडीयू प्रशासन के पास फाइल भेजी थी। डीडीयू प्रशासन ने इन नियुक्तियों को अनुमोदित करने से इन्कार कर दिया।
शासन ने भी इस मामले को गंभीरता से लिया है। प्रदेश सरकार के उप सचिव राम जन्म चौहान ने राजभवन और मेट्रोपाेलिटन ऑफ इंडिया एंड विशप ऑफ लखनऊ चर्च ऑफ इंडिया (सीआईपीबीसी) के आर्च विशप सैमुएल पीटर प्रकाश के पत्र को संलग्न करते हुए 20 अप्रैल को गोरखपुर मंडल के आयुक्त को निर्देश जारी किया है। इसके मुताबिक, कॉलेज में शिक्षकों की चयन प्रक्रिया व नियुक्तिओं पर तत्काल रोक लगाते हुए जांच कर शासन को अतिशीघ्र आख्या प्रस्तुत किया जाए। कमिश्नर ने जांच की जिम्मेदारी डीएम को सौंपी है।
सेंट एंड्रयूज कॉलेज में वर्ष 2020 में विभिन्न विषयों के लिए शिक्षक भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसके बाद राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग में एक शिकायत की गई, जिसके आधार पर आयोग ने साक्षात्कार प्रक्रिया पर तत्काल रोक लगा दी थी। इस संबंध में उच्च शिक्षा अधिकारी ने बताया था कि शिक्षक भर्ती का विज्ञापन जिस अनुज्ञा के आधार पर प्रकाशित किया गया है, उसका समय बीत चुका है। अनुज्ञा की वैधता तीन वर्ष ही होती है। ऐसे में नियुक्तियों के लिए कॉलेज प्रबंधन को निदेशालय से अनुमति लेनी होगी।
इस आदेश से राहत के लिए कुछ अभ्यर्थी हाईकोर्ट चले गए। उस समय कुल 25 शिक्षकों का चयन किया गया था। बताया जा रहा है कि कुलपति से आवेदन की प्रत्याशा में पांच शिक्षकों को कार्यभार भी ग्रहण करा दिया गया। इस मामले में निदेशालय ने भी तीन साल की अवधि बीतने का हवाला देते हुए कहा था कि ऐसी परिस्थिति में अनुमोदन नहीं दिया जा सकता। उधर हाईकोर्ट ने भी कुलपति को इस संंबंध में निर्णय लेने का निर्देश जारी किया।
बोलीं कुलपतिइस संबंध में कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि हाईकोर्ट के निर्देश पर सेंट एंड्रयूज कॉलेज में शिक्षक भर्ती प्रक्रिया को लेकर जांच की गई। इस दौरान कॉलेज प्रशासन का भी पक्ष लिया गया। जांच में नियम का पालन नहीं होने की बात सामने आई। इसे देखते हुए नियुक्ति प्रक्रिया को अनुमोदन नहीं देने का निर्णय लिया गया।