सीडीओ का कहना है कि कोरोना संक्रमण से सबसे ज्यादा खतरा बच्चों और बुजुर्गों के अलावा उन्हें हैं जो पहले से किसी गंभीर बीमारी से ग्रसित हैं। ऐसे में प्रशासन की पहली प्राथमिकता पहले ऐसे लोगों की ही जांच कराना है ताकि समय से संबंधित संक्रमित का इलाज शुरू हो जाए।
सीडीओ ने बताया कि डीएम और वह रोजाना जूम एप के जरिए शाम को सभी एमओआईसी, एसडीएम, तहसीलदार आदि के साथ बैठक कर एंटीजन किट से जांच और सर्वे आदि के संबंध में समीक्षा करेंगे।
साथ ही यह भी सुनिश्चित करेंगे कि जो लोग भी जांच में संक्रमित पाए जा रहे हैं, उनके कांटेक्ट ट्रेसिंग समेत हॉटस्पॉट घोषित किए जाने और संक्रमितों के इलाज की व्यवस्था उसी दिन से शुरू हो जाए। उन्होंने बताया कि वह रोजाना खुद सुबह-शाम कंट्रोल रूम का निरीक्षण कर यह देख रहे हैं कि डाटा फीडिंग आदि के काम में कोई लापरवाही तो नहीं हो रही।