परिवार पार्थिव शरीर के भारत आने का इंतजार कर रहा है, गांव में शोक का माहौल है। करमाजीतपुर गांव निवासी ओमप्रकाश यादव का पुत्र सूरज यादव रोजगार के सिलसिले में अगस्त माह में ओमान गया था। वह मर्चेंट नेवी में कार्यरत था। बताया गया कि सूरज जिस वाणिज्यिक जहाज पर तैनात था, वह ओमान से भारत की ओर आ रहा था।
इसी दौरान बुधवार को जहाज पर मिसाइल हमला हो गया। हमले में सूरज की मौत हो गई। देर रात परिवार को घटना की जानकारी मिली। इसके बाद घर में चीख-पुकार मच गई। परिजन सूरज के पार्थिव शरीर के भारत आने का इंतजार कर रहे हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद रिश्तेदार और ग्रामीण भी परिवार को सांत्वना देने के लिए पहुंचने लगे।
परिजनों के अनुसार, सूरज रोजगार के लिए विदेश गया था। परिवार को उम्मीद थी कि वह जल्द ही घर लौटेगा, लेकिन जहाज पर हुए हमले की खबर ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। ग्रामीणों ने बताया कि सूरज के जाने के बाद परिवार उसकी सुरक्षित वापसी की उम्मीद कर रहा था।
घटना के बाद परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के लोग भी घटना को लेकर स्तब्ध हैं। परिजनों को अब सूरज के पार्थिव शरीर के भारत आने और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया शुरू होने का इंतजार है।