एमएमएमयूटी में 20 से अधिक संस्थानों के विद्यार्थियों ने 24 घंटे तक सुलझाईं साइबर सुरक्षा की चुनौतियां
गोरखपुर। साइबर सुरक्षा की जटिल पहेलियों और तकनीकी चुनौतियों के बीच 650 से अधिक विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का इम्तिहान दिया। मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमएमएमयूटी) में आयोजित 24 घंटे की साइबर सुरक्षा प्रतियोगिता में विद्यार्थियों को कूटलेखन, रिवर्स इंजीनियरिंग और गुप्त संदेशों की पहचान जैसी चुनौतियों से जूझना पड़ा। प्रतियोगिता में रसायन अभियांत्रिकी के देवांश जायसवाल ने पहला स्थान हासिल किया।
कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग की कंप्यूटर इंजीनियरिंग सोसाइटी की ओर से आयोजित ‘कैप्चर द फ्लैग’ प्रतियोगिता में एमएमएमयूटी के 450 से अधिक और अन्य संस्थानों के 200 से अधिक विद्यार्थियों ने पंजीकरण कराया था। इसमें 20 से ज्यादा संस्थानों के विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता 27 अक्तूबर की रात नौ बजे शुरू होकर 28 अक्तूबर की रात नौ बजे तक चली।
प्रतियोगिता में मैकेनिकल इंजीनियरिंग के सत्यम कश्यप ने दूसरा और केमिकल इंजीनियरिंग के शिवम पांडेय ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। विजेताओं को माउस, कीबोर्ड, पदक और प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया। चौथे से 25वें स्थान तक के प्रतिभागियों को भी उनकी रैंक के अनुसार पुरस्कार दिए गए।
विभागाध्यक्ष प्रो. राकेश कुमार ने विद्यार्थियों को तकनीकी ज्ञान के व्यावहारिक उपयोग और नवाचार के लिए प्रेरित किया। इस दौरान डॉ. बीरेंद्र कुमार शर्मा, डॉ. शैलेंद्र प्रताप सिंह और डॉ. सुशील कुमार सरोज मौजूद रहे।
तकनीकी पत्रिका ‘एल्गोरिका’ का विमोचन
पुरस्कार वितरण समारोह में सोसाइटी की तकनीकी पत्रिका ‘एल्गोरिका’ का विमोचन भी किया गया। इसमें प्रतिस्पर्धी प्रोग्रामिंग, सॉफ्टवेयर विकास, प्लेसमेंट, साइबर सुरक्षा, एज एआई और क्लाउड कंप्यूटिंग जैसे विषय शामिल हैं।