उत्तर प्रदेश के संतकबीरनगर जिले के बीमापार से सटे नगर में स्थित कुबेरनाथ शिवमंदिर लोगों की श्रद्धा का केंद्र है। यहां मांगी गई भक्तों की मुरादें भोलेनाथ पूरी करते है। प्रत्येक सोमवार को यहां भक्तों की भीड़ जुटती है। सावन और महाशिवरात्रि पर यहां मेला भी लगता है।
बाबा कुबेरनाथ शिवमंदिर के इतिहास के बारे में पुजारी डॉक्टर योगेंद्र भारती बताते है कि बांस की खूंटी से शिवलिंग स्वयं निकला था। उसके बाद स्थानीय व्यापारियों ने भव्य मंदिर और पोखरे का निर्माण करवाया। मंदिर वर्षों पहले ध्वस्त हो गया था। सहयोगी कमेटी गठन कर इसका पुन: निर्माण करवाया गया।
इस मंदिर पर स्थानीय क्षेत्र के ग्राम बीमापार निवासी गोस्वामी परिवार के लोग पूजा अर्चना करते रहे, तब से अब तक भारती परिवार के ही यहां का मुख्य पुजारी होते है। कुबेरनाथ मंदिर क्षेत्र निवासियों के साथ ही आस-पास के जनपद के लिए आस्था का केंद्र बन गया है।
पूरे साल यहां रुद्राभिषेक आदि का कार्यक्रम होता रहता है। मंदिर में शिव, हनुमान जी, राधा कृष्ण भगवान की मूर्तियां भी विराजमान है। प्रत्येक सोमवार को यहां भक्तगण पहुंच कर जलाभिषेक करते है। सावन मास में और महाशिवरात्रि पर्व पर यहां मेला भी लगता है। यहां मांगी गई भक्तों की मुरादे भोलेनाथ जरूर पूरा करते है।