- लखनऊ में बुधवार को हुई बैठक से लौटे सपा कार्यकर्ता प्रदेश स्तरीय सम्मेलन की तैयारी में जुटे
- गोरखपुर सम्मेलन के बाद उम्मीदवारों के चयन की प्रक्रिया तेज करेगी सपा
गोरखपुर। समाजवादी पार्टी 2027 में होने वाले चुनाव की तैयारी में जुट गई है। इसकी शुरुआत मानसून के बाद गोरखपुर में भव्य सम्मेलन से होगी। लखनऊ में बुधवार को हुई बैठक में हिस्सा लेकर लौटे गोरखपुर के प्रतिनिधियों के मुताबिक, प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि भाजपा को गोरखपुर में हराना है। बैठक में सपा प्रमुख ने विधानसभा वार जातीय समीकरण टटोले और संगठनों से रिपोर्ट मांगी है। नेताओं से जमीनी फीडबैक लिया है। माना जा रहा है कि सम्मेलन के बाद टिकट वितरण होगा।
लखनऊ में हुई बैठक में 2022 के विधानसभा चुनाव और 2024 के लोक सभा चुनाव लड़ चुके प्रत्याशियों को भी बुलाया गया था। इसके अलावा पूर्व सांसद, विधायक, महानगर व जिला अध्यक्ष व पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष भी आमंत्रित थे। पार्टी पदाधिकारियों व सदस्यों के मुताबिक, क्षेत्रीय समीकरणों की जानकारी के साथ ही सामाजिक व राजनीतिक समीकरणों पर भी बात हुई। लिए गए फीडबैक का मिलान पार्टी द्वारा खुद तैयार कराई गई सर्वे रिपोर्ट से किया गया।
सपा प्रमुख ने कहा-तुम चुनाव हार जाते हो, तुम्हारी मां जीत जाती हैं
जिले से बैठक में शामिल होने गए एक पदाधिकारी ने बैठक की जानकारी दी। बताया कि सपा प्रमुख अखिलेश यादव का पूरा फोकस जातीय समीकरण पर था, हर विधानसभा में किस जाति की कितनी संख्या है, उसकी जानकारी ले रहे थे। इसी बीच पिपराइच विधानसभा की जातीय समीकरण की जानकारी विधानसभा अध्यक्ष देने लगे तो पूर्व प्रत्याशी अमरेंद्र निषाद ने टोक दिया। कुछ और कहा तो राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि तुम तो चुनाव लड़ते हो तो हार जाते हो। वहीं तुम्हारी माताजी चुनाव लड़ती हैं तो जीत जाती हैं।
पेड़ का नाम बता दो, तुम्हें देंगे 11 हजार का इनाम
बैठक में शामिल गोरखपुर के एक पदाधिकारी ने बताया कि सपा महिला सभा की प्रदेश महामंत्री बिंदा सैनी ने अध्यक्ष जी से कहा कि वह माली समाज से आती हैं। पार्टी की समर्पित कार्यकर्ता हैं। हमारी बिरादरी को भी पार्टी में महत्व मिलना चाहिए। इस पर अखिलेश यादव ने कहा कि अच्छा माली समाज की हो तो एक काम करो आम, पाकड़, पीपल, नीम छोड़कर 10 पेड़ का नाम बता दो हम मान जाएंगे माली समाज से हो। इस पर बिंदा देवी चुप हो गईं। अध्यक्ष ने कहा कि अच्छा बाहर जाओ वहां पर वह और राजेंद्र चौधरी ने दो पेड़ लगाए हैं। देख कर बता दो की किस चीज का पेड़ है, यदि सही बात दिया तो तुम्हें 11 हजार रुपये इनाम दूंगा। फिर बिंदा देवी चुप हो गईं। बिंदा देवी ने बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि वह जानती थीं कि वह परिजात का पेड़ था। वह अध्यक्ष से विधानसभा चुनाव में टिकट लेंगी 11 हजार का इनाम क्या होता है।
बैठक में उठी महिला जिलाध्यक्ष बनाने की मांग
सपा की वरिष्ठ दलित नेता सुशीला भारती ने अखिलेश यादव से कहा कि जिले के दौरे पर जब कोई बड़ा नेता आता है तो जिलाध्यक्ष उनसे मिलने के लिए उन लोगों का नाम नहीं देते हैं। इस पर अध्यक्ष ने कहा कि इनका नाम नोट कर लो, ऐसा न होने पाए। सुशीला ने कहा कि जिलाध्यक्ष किसी महिला को बनाया जाए।
गोरखपुर को शुभ मानती है सपा
गोरखपुर सम्मेलन को लेकर पार्टी की गंभीरता के सियासी मायने तो हैं ही। समाजवादी पार्टी गोरखपुर को शुभ मानती है। बैठक में हिस्सा लेकर लौटे पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के प्रतिनिधि मनुरोजन यादव कहते हैं कि सपा के लिए गोरखपुर राजनीतिक रूप से शुभ साबित हुआ है। पांच साल पहले 2011 में चंपा देवी पार्क में हुआ था, वर्ष 2012 में सपा सरकार बन गई थी।यही वजह है कि एक बार फिर पूर्वांचल की राजनीतिक जमीन को साधने और कार्यकर्ताओं में उत्साह भरने के लिए गोरखपुर को सम्मेलन स्थल के रूप में चुना गया है।