गोरखपुर। निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय कुमार निषाद के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी, जान से मारने की धमकी और जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल का मामला तूल पकड़ने लगा है। बृहस्पतिवार को पार्टी कार्यकर्ताओं ने डीएम कार्यालय पर धरना देकर घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शन के बाद डीएम और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
कार्यकर्ताओं ने कहा कि राजनीतिक विरोध लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा है, लेकिन किसी व्यक्ति की गर्दन या हाथ काटने तथा जान से मारने जैसी कथित धमकियां गंभीर विषय हैं। उनका कहना था कि इस तरह की भाषा से सामाजिक सौहार्द और कानून-व्यवस्था पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। पार्टी ने प्रशासन से संबंधित भाषण, वीडियो, ऑडियो और सोशल मीडिया पोस्ट की जांच कर साक्ष्यों को सुरक्षित रखने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि जांच के दौरान धमकी, जातिसूचक अपमान या किसी अन्य अपराध की पुष्टि होने पर संबंधित लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर कठोर कार्रवाई की जाए।
कार्यकर्ताओं ने डॉ. संजय कुमार निषाद की सुरक्षा व्यवस्था की भी समीक्षा कराने और आवश्यकता के अनुसार सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग रखी। धरने में कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अमित कुमार निषाद, राष्ट्रीय सचिव रविंद्र मणि निषाद, प्रदेश प्रभारी बाबूराम निषाद, प्रदेश अध्यक्ष व्यास मुनि निषाद, जिलाध्यक्ष आरती निषाद, गुंजा निषाद, समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।