गोरखपुर के बेलघाट में अभिषेक सिंह की हत्या के आरोप में नामजद दूसरे आरोपी ज्ञानेंद्र सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है पुलिस की बढ़ती सख्ती को देखते हुए ज्ञानेंद्र गोरखपुर छोड़कर कहीं और भागना चाह रहा था। इसी फिराक में बुधवार की रात रेलवे स्टेशन पहुंचा था।
सूचना के आधार पर कैंट था्ने की पुलिस और क्राइम ब्रांच ने इसे गोरखपुर से गिरफ्तार कर लिया। बेलघाट थाना क्षेत्र के ग्राम सोपाई में 16 फरवरी की देर रात करीब 2 बजे शादी कार्यक्रम से वापस आते समय अभिषेक सिंह उर्फ चंचल (31) की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
अभिषेक सिंह भी अपने गांव के ही तीन युवकों के साथ बरात गया था। पिता अशोक व चचेरे भाई शिवेंद्र सिंह उर्फ शुभम ने पुलिस अधिकारियों को बताया कि गांव का मानवेंद्र सिंह बालू के खनन का काम करता है। दो दिन पहले उसके भाई शैलेंद्र से अभिषेक की रुपये के लेनदेन को लेकर कहासुनी हो गई थी।
जिसके बाद मानवेंद्र ने हत्या करने की धमकी दी थी। रविवार की रात में करीब दो बजे बरात से अभिषेक उर्फ चंचल लौट रहा था। चौराहे पर जैसे ही बरातियों वाली बस से नीचे उतरा, गांव के चौराहे पर खड़े मानवेंद्र सिंह उसके चचेरे भाई ज्ञानेंद्र सिंह व साथी अतुल सिंह उर्फ बिट्टू ने घेर लिया।
पहले इन लोगों ने अभिषेक को पीटा फिर सीने में दाएं तरफ पिस्टल सटाकर गोली मार दी।