दिल्ली से रक्सौल जा रही 15274 सत्याग्रह एक्सप्रेस के कोच नंबर बी-2 के बर्थ नंबर 27-28 पर जा रही बिहार की एक महिला यात्री ने गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर रुकी ट्रेन में बच्चे को जन्म दिया। कंट्रोल रूम की सूचना पर इस ट्रेन के आगमन से पूर्व ही आरपीएफ की महिला कांस्टेबल व मेडिकल टीम पहुंच गई थी।
दिल्ली से रक्सौल जा रही 15274 सत्याग्रह एक्सप्रेस के कोच नंबर बी-2 के बर्थ नंबर 27-28 पर जा रही बिहार की एक महिला यात्री ने गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर रुकी ट्रेन में बच्चे को जन्म दिया। कंट्रोल रूम की सूचना पर इस ट्रेन के आगमन से पूर्व ही आरपीएफ की महिला कांस्टेबल व मेडिकल टीम पहुंच गई थी। पुरुष यात्रियों को हटाकर महिला का प्रसव कराया गया।
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डिप्टी एसएस कमर्शियल ने आरपीएफ इंस्पेक्टर को सूचना दी कि ट्रेन में एक गर्भवती प्रसव पीड़ा से परेशान है। उसकी मदद के लिए एसआई दीपिका यादव व प्रियंका सिंह और महिला कांस्टेबल कविता मीणा प्लेटफार्म नंबर 05 पर पहुंचीं। ट्रेन के 10.20 बजे स्टेशन पहुंचते ही रेलवे के डॉ. निखिल व नर्स भी कोच में पहुंचे। कोच में सवार पुरुष यात्रियों को बाहर निकालकर चादर से कोच की घेराबंदी की गई।
महिला सबिना खातून ने स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया। महिला बिहार के बेतिया जिले के शिखवाना गांव की रहने वाली है। मां और बच्चे की जांच की गई और फिर उन्हें ट्रेन से आगे की यात्रा की अनुमति दी गई।
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ट्रेन में छूटा बैग यात्री को सौंपा गया
एसआई प्रियंका सिंह ने ट्रेन नंबर 15004 में छूटा एक यात्री का बैग आरपीएफ पोस्ट पर रखा। यात्री राहुल शर्मा निवासी कतरारी थाना श्यामदेउरवा जिला महाराजगंज ने आकर अपना बैग लिया। यात्री ने बताया कि वह गोरखपुर छावनी स्टेशन पर उतरा। वह अपना बैग ट्रेन में ही भूल गया था। उसके बैग में लैपटॉप, कैमरा, ऑडियो माइक, कैमरे का उपकरण, हेडफोन व अन्य वायरिंग के उपकरण थे।