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Sant Kabir Nagar News: डीएम की सभी से अपील, 'जिसे तैरना न आए, नदी व पोखरों में न जाएं'; डूबने से हुई थी 5 मौत

Wed, 24 Jul 2024 04:44 PM IST
रोहित सिंह अमर उजाला ब्यूरो, संत कबीर नगर

सार

डीएम ने डूबने से बचाव हेतु सुरक्षा के उपाय के विवरण में बताया है कि यदि तैरना न आता हो तो नदी, नहर, नाले अथवा तालाब आदि में कदापि न जाएं एवं अपने स्वजन को भी जाने से रोकें। बच्चों को पुलिया एवं ऊंचे टीलों से पानी में कूद कर स्नान करने से रोकें। अति आवश्यक हो तो ही पानी में उतरें एवं गहराई का ध्यान रखें। मंगलवार को पांच लोगों की डूबने से मौत हो गई थी।
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कलेक्ट्रेट परिसर में जनसुनवाई के दौरान डीएम महेंद्र सिंह तंवर - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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डीएम महेंद्र सिंह तंवर ने जिले के समस्त नागरिकों, ग्राम प्रधानों से अपील की है कि नदियों, तालाबों अथवा अन्य जल स्रोतों के पास बच्चों को न जाने दें। जल स्रोतों में डूबने के कारण जनहानि होती है। इसलिए सतर्कता बरतने और जागरूकता फैलाने का सभी हरसंभव प्रयास करें।

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उन्होंने बताया है कि जल स्रोतों में डूबने व फंसने की स्थिति में राहत पाने के लिए एंबुलेंस-108, पुलिस सहायता-112 व राहत आपदा कंट्रोल रूम-1070 पर फोन कर सहायता प्राप्त कर सकते हैं। डीएम ने डूबने से बचाव हेतु सुरक्षा के उपाय के विवरण में बताया है कि यदि तैरना न आता हो तो नदी, नहर, नाले अथवा तालाब आदि में कदापि न जाएं एवं अपने स्वजन को भी जाने से रोकें।

 

पोखरे और ताल में डूबने से पांच की मौत हो गई थी - फोटो : अमर उजाला
बच्चों को पुलिया एवं ऊंचे टीलों से पानी में कूद कर स्नान करने से रोकें। अति आवश्यक हो तो ही पानी में उतरें एवं गहराई का ध्यान रखें। ओवरलोडेड नौकाओं में न बैठें। कोशिश करें कि किसी नदी, पोखर, तालाब या जल स्रोत में सामूहिक रूप से स्नान करने जाते समय अपने साथ 10-15 मीटर लंबी रस्सी या धोती, साड़ी अवश्य रखें।

नदियों, नहरों, जलाशयों या अन्य जल स्रोतों के पास लिखी हुई चेतावनी की अवहेलना न करें।

 

घटना सुनते ही जिला अस्पताल पहुंचे थे डीएम और एसपी - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने कहाकि जल स्रोतों में डूबने के कारण मृत्यु होने पर चार लाख रूपये देने का प्राविधान है, जिसके लिए (पोस्टमार्टम एवं पंचनामा अनिवार्य), शारीरिक दिव्यांग होने पर 74 हजार से दो लाख 50 हजार, मकान की क्षति होने पर चार हजार से एक लाख 20 हजार, पशु की मृत्यु होने पर चार हजार से 37 हजार 500 तथा फसल की क्षति होने पर आठ हजार 500 से 22 हजार 500 रूपये आपदा पीड़ित को देने का प्राविधान किया गया है।
 
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विलाप करते परिजन - फोटो : अमर उजाला
संतकबीरनगर जिले के बखिरा और दुधारा क्षेत्र में मंगलवार को पांच लड़कियों की पोखरे और झील में डूबने से मौत हो गई। बखिरा झील में नहाने गईं बड़गों गांव की चार लड़कियों में तीन की मौत हो गई जबकि एक को मेंहदावल सीएचसी में भर्ती कराया गया है। वहीं, धान की रोपाई करने गईं दुधारा थानाक्षेत्र के खटियावां गांव की दो सगी बहनें पैर फिसल जाने से पोखरे में डूब गईं जिससे उनकी मौत हो गई।

बखिरा थानाक्षेत्र के बड़गो गांव की रहने वाली पायल (12) पुत्री दिलीप, मीनाक्षी (15) पुत्री मकसूदन निषाद, अर्चना (17) पुत्री रामनेवास और काजल (14) पुत्री रमेश मंगलवार की शाम करीब चार बजे बखिरा झील में नहाने गईं थीं। गहरे पानी में चले जाने से चारों डूबने लगीं। 
 
लड़कियों के चिल्लाने की आवाज सुनकर थोड़ी दूरी पर स्थित मंदिर पर मौजूद ग्रामीण भागकर झील की तरफ पहुंचे। ग्रामीणों के पहुंचने तक एक लड़की बचाने की गुहार लगा रही थी। चारों को झील से निकालकर सीएचसी मेंहदावल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने मीनाक्षी, पायल और अर्चना को मृत घोषित कर दिया जबकि काजल को भर्ती कराया गया है।
 
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