गोरखपुर/ जगदीशपुर। जंगल कौड़िया-जगदीशपुर रिंग रोड का काम बृहस्पतिवार को फिर शुरू कराया गया। बीते कई दिनों से हो रही बारिश के थम जाने के बाद एनएचएआई के अधिकारियों ने राजस्व टीम के साथ बनगाई गांव में अधिग्रहित जमीन का समतलीकरण कराया। इस दौरान मुआवजा बढ़ाने और जल्दी भुगतान कराने की मांग को लेकर एक किसान ने विरोध जताया। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने उसे समझा-बुझाकर शांत कराया। इसके बाद करीब 1100 मीटर जमीन का समतलीकरण हुआ।
रिंग रोड बनाने के लिए 26 गांवों के किसानों की जमीन अधिग्रहित की गई है। अधिक मुआवजा की मांग को लेकर किसान लगातार विरोध जता रहे थे। प्रशासनिक अधिकारियों की पहल पर किसानों ने आर्बिट्रेशन (न्यायिक मध्यस्थता) के लिए दस्तावेज जमा कराया है। उधर, नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की ओर से अधिग्रहित जमीन का समतलीकरण शुरू कराया गया है। ताल जहदा, रहमतनगर, बैजनाथपुर में जमीन का समतलीकरण हुआ। इसके बाद बारिश शुरू हो गई। तब एनएचएआई के कांट्रैक्टर ने काम रोक दिया। अधिकारियों ने कहा कि जैसे ही मौसम से राहत मिलेगी, वैसे ही काम तेजी से शुरू कराया जाएगा।
बृहस्पतिवार को बारिश थमने पर कांट्रैक्टर ने काम शुरू कराया। टीम ने बनगाई में समतलीकरण किया तो एक किसान ने मुआवजा की मांग को लेकर विरोध किया। उसने कहा कि आर्बिट्रेशन दाखिल किए हैं, लेकिन अभी तक मुआवजा नहीं मिला है। उसके हो-हल्ला करने पर राजस्व और एनएचएआई की टीम ने समझा-बुझाकर शांत कराया। इसके बाद करीब 1100 मीटर तक काम किया गया। एनएचएआई की ओर से बनगाई के किसानों के बैंक खाते में करीब तीन करोड़ 30 लाख रुपये भेजे जा चुके हैं। जिन किसानों ने सहमति पत्र जमा करा दिया है, उनके खाते में जल्द ही रकम पहुंच जाएगी।
जमीन का समतलीकरण कराया जा रहा है। मौसम खराब होने की वजह से काम प्रभावित हुआ था। हमारी कोशिश है कि जल्द से जल्द काम पूरा हो सके। किसानों के बैंक खातों में मुआवजे की रकम भी भेजी जा रही है।
-भावेश सिंह, परियोजना प्रबंधक, एनएचएआई