अनियमित टिकट लेकर ट्रेनों में चलने वाले यात्रियों का सफर अब पूरा नहीं हो पाएगा। पकड़े जाने पर जुर्माना देने के साथ ही अगले पड़ाव वाले स्टेशन पर ट्रेन से उतरना भी होगा। दलालों और एजेंटों की साठगांठ को रोकने के लिए रेल प्रशासन ने अनियमित टिकट पर गंतव्य तक यात्रा की अनुमति को कोविड-19 नियमों का उल्लंघन मानते हुए यह निर्देश जारी किए हैं। निर्देश का उल्लंघन करने वाले टीटीई के खिलाफ अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
दरअसल, स्पेशल ट्रेनों में कई यात्री वरिष्ठ नागरिक का टिकट और काउंटर से तत्काल का कूटरचित ई-टिकट लेकर पहुंच रहे हैं। टिकट पर उम्र भी बदल दी जा रही है। यात्रियों का कहना होता है मोटी रकम देकर उन्होंने एजेंट से टिकट बनवाया है। ट्रेन में चार्ट से मिलान करने पर मामला पकड़ में आ जाता है। अभी तक ऐसे यात्रियों से जुर्माना वसूल कर उन्हें आगे की यात्रा की अनुमति दे दी जा रही थी।
पिछले दिनों डीआरएम के निर्देश पर गोरखपुर-एलटीटी एक्सप्रेस, बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस और कोचीन एक्सप्रेस में बीच सफर में स्पेशल चेकिंग में भी अनियमित टिकट पर यात्रा करते कई लोगों को पकड़ा गया। इसके बाद पूर्वोत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल के सहायक वाणिज्य प्रबंधक ने 22 सितंबर को आदेश जारी कर गोरखपुर, लखनऊ, बस्ती और गोंडा स्टेशन पर टिकटों की जांच सावधानी से करने का निर्देश दिया है। साथ सीटीटीआई को निर्देशित किया है कि वे पूरे मामले की निगरानी रखें। किसी भी सूरत में अनियमित टिकट पर यात्री सफर न पूरा कर सकें।