गोरखपुर जेल में बंद मैनफ्रेंड अपनी बाकी की सजा अब जर्मनी की जेल में काटेगा। गोरखपुर जेल प्रशासन उसे जर्मनी के जेल में शिफ्ट कराने की व्यवस्था करेगा। इसके लिए जेल के अधिकारियों ने गृह मंत्रालय व जर्मन दूतावास को पत्र लिखा है। गृह मंत्रालय से दिशा निर्देश मिलने के बाद गोरखपुर की जेल से उसे पुलिस फोर्स के साथ दिल्ली स्थित दूतावास भिजवाया जाएगा।
जर्मनी के रहने वाले मैनफ्रेंड को महाराजगंज पुलिस ने वर्ष 2014 में सोनोली से गांजा तस्करी के आरोप में पकड़ा था। कुछ दिन वह महराजगंज जेल में रहा। बाद में उसे गोरखपुर जेल शिफ्ट कर दिया गया। उसे कोर्ट ने दस साल की सजा व डेढ़ लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। तबसे वह गोरखपुर जेल में ही है। आधी से अधिक सजा वह काट चुका है।
जेल प्रशासन ने शासन से पत्र लिखकर उसे जर्मनी की जेल में शिफ्ट करने की अनुमति मांगी थी। मंगलवार की देर रात शासन से अनुमति का पत्र जेल के अधिकारियों को मिल गया। जिसके बाद जेल अधिकारी उसको भेजने के अन्य तैयारियों में जुट गए। इस संबंध में प्रभारी डीआईजी जेल डॉ. रामधनी ने बताया कि अनुमति मिली है। आगे की कार्रवाई की जा रही है।