धरना दे रहे प्रसपा नेताओं को पुलिस ने हटाया।
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डॉ. कफील पर रासुका के तहत की गई कार्रवाई के विरोध में आंबेडकर प्रतिमा के पास रविवार को धरना दे रहे प्रसपा नेताओं को पुलिस ने वहां से हटा दिया। इस दौरान पुलिस से नेताओं की कहासुनी भी हुई। पुलिस का कहना है कि आंबेडकर प्रतिमा के नीचे धरने की अनुमति नेताओं के पास नहीं थी। वहीं प्रसपा के महानगर अध्यक्ष हाजी तहव्वर हुसैन ने कहा कि पुलिस और प्रशासन का तानाशाही रवैया है, अब किसी को धरना-प्रदर्शन भी नहीं करने दिया जा रहा है।
डॉ. कफील पर लगे रासुका के विरोध और रिहाई की मांग को लेकर प्रसपा (प्रगतिशील समाजवादी पार्टी) के महानगर अध्यक्ष तहव्वर हुसैन के नेतृत्व में रविवार की सुबह 11 बजे कार्यकर्ता आंबेडकर प्रतिमा के नीचे धरना देने पहुंचे। झंडे, बैनर लेकर अभी वे धरने पर बैठे ही थे कि रामगढ़ताल इंस्पेक्टर के साथ भारी संख्या में पुलिसकर्मी भी पहुंच गए।
रामगढ़ताल इंस्पेक्टर ने धरना दे रहे लोगों को वहां से हटा दिया। इस दौरान पुलिस ने कार्यकर्ताओं के नाम और पते भी नोट किए। कार्यकर्ताओं की सूचना पर जिलाध्यक्ष श्याम नारायण यादव भी पहुंच गए और पुलिसवालों से बात की। बातचीत के बाद प्रसपा नेता लौट गए।