नगर आयुक्त को निरीक्षण के दौरान वार्ड संख्या 12 जनप्रिय विहार कालोनी में निरीक्षण में खाली प्लॉट में बहुत बड़ी मात्रा में कूड़ा भरा मिला। वार्ड की नालियां भी कूड़े से भरी मिली। वार्ड के कार्यवाहक सफाई सुपरवाइजर असरफ को सफाई कार्यों का पर्यवेक्षण नहीं करने के कारण तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई।
मुख्य अभियंता संजय चौहान को जांच अधिकारी नियुक्त कर नगर आयुक्त ने रिपोर्ट तलब की। उधर वार्ड संख्या 56 सुभाष चन्द्र बोस नगर में कुंवर दयाल श्रीवास्तव के मकान से हंसराम के मकान तक सीसी सडक व साइड पटरी पर इण्टरलांकिंग कार्य संतोषजनक मिला।
हालांकि निरीक्षण के दौरान खाली प्लाट में कूड़ा मिलने पर वार्ड के सफाई सुपरवाइजर अमित को कड़ी चेतावनी देते हुए तत्काल सफाई के निर्देश दिए। इसी क्रम में गंगानगर से रामजानकीनगर चैराहे के मुख्य सड़क पर गंदगी पाए जाने पर सफाई सुपरवाइजर रामगोपाल मिश्रा एवं फैजान को चेतावनी दी गई। मेठ लकी को हटा दिया गया।
नाली में गोबर बहाकर चोक करने पर नगर आयुक्त अविनाश सिंह ने करीमनगर चरगांवा में पूर्वांचल डेयरी संचालक पर पांच लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही हिदायत दी कि अगर फिर से यदि नाला में गंदगी मिली तो डेयरी को सील कर दिया जाएगा।
नगर आयुक्त करीम नगर चरगांवा का निरीक्षण के लिए निकले थे। इस दौरान पूर्वांचल डेयरी द्वारा अपनी डेयरी के गायों का गोबर एवं अन्य कूड़ा बाहर नाले में बहाया हुआ देखा। इसकी वजह से नाला तकरीबन एक किलोमीटर में जाम हो गया है। उन्होंने निगम के अधिकारियों को तत्काल नाला की सफाई करने के साथ अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया।
साथ ही डेयरी संचालक पर पांच लाख रुपये का जुर्माना लगाया। निरीक्षण के दौरान मुख्य अभियंता संजय चैहान, अधिशासी अभियन्ता देवेंद्र कुमार, सहायक अभियंता शैलेष कुमार, जोनल अधिकारी छोटेलाल, जोनल सेनेटरी अधिकारी अखिलेश श्रीवास्तव, अवर अभियन्ता अतुल कुमार एवं विवेकानन्द आदि उपस्थित थे।
शहर में धड़ल्ले से चल रही हैं डेयरियां
गोरखपुर शहर के कई इलाकों में धड़ल्ले से डेयरियां चल रही हैं। इसकी वजह से अक्सर नाले जाम होते हैं। नगर आयुक्त ने निगम के अधिकारियों को ऐसी डेयरियों को चिह्नित कर कार्रवाई करने का आदेश दिया।