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UP News: कोर्ट में पैरवीकार बन पुलिस ने 567 मुजरिमों को दिलाई सजा, 138 लोगों को मिला आजीवन कारावास

Mon, 05 Sep 2022 11:53 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

गोरखपुर में 33 मामलों में 78 को आजीवन कारावास, 22 मामलों में 31 को 10 साल की सजा, 13 मामलों में 27 लोगों को सात साल की सजा व 118 बदमाशों को सात साल से कम की सजा हुई है।
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सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : iStock
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विस्तार
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कोर्ट में साक्ष्यों के साथ पैरवीकार बन पुलिस जनवरी से अगस्त तक 567 मुजरिमों को सजा दिलाने में सफल रही है। रेंज (गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर व महराजगंज) में जनवरी से अगस्त तक सजा दिलाने का विशेष अभियान चलाया गया। जिसमें हत्या, दुष्कर्म और दहेज हत्या जैसे 375 मुकदमों में 567 मुलजिमों को सजा हुई। इसके तहत पुलिस को कामयाबी मिलने के बाद डीआईजी जे रविंद्र गौड़ ने रेंज के सभी जिलों के मॉनिटरिंग सेल को प्रोत्साहित किया है।  
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जानकारी के मुताबिक, डीआईजी के आदेश पर विशेष अभियान चलाया गया था। गोरखपुर में 33 मामलों में 78 को आजीवन कारावास, 22 मामलों में 31 को 10 साल की सजा, 13 मामलों में 27 लोगों को सात साल की सजा व 118 बदमाशों को सात साल से कम की सजा हुई है।

देवरिया जिले में 14 मुकदमों में 39 को आजीवन कारावास, नौ मामलों में 14 को 10 साल की सजा, पांच को सात वर्ष की सजा और 118 लोगों को सात साल से कम की सजा हुई है। कुशीनगर जिले में नौ मामलों में 14 को आजीवन कारावास, आठ मामलों में 10 को 10 साल की सजा, सात को सात साल की सजा व 30 लोगों को सात साल से कम सजा हुई है।
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इसी तरह महराजगंज में सात मामलों में सात को आजीवन कारावास, पांच मामलों में पांच को 10 साल की सजा, चार को सात साल की सजा व 60 बदमाशों को सात साल से कम की सजा हुई है।

डीआईजी जे रविंद्र गौड़ ने कहा कि गंभीर अपराध के आरोपियों को सजा दिलाने के लिए पुलिस की मॉनिटरिंग सेल प्रभावी पैरवी कर रही है। कोर्ट में लगातार पैरवी का असर है कि हत्या, दुष्कर्म, दहेज हत्या जैसे मामलों में ज्यादातर आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा हुई है। आगे भी पुलिस की यह मुहिम जारी रहेगी। जनवरी से अगस्त तक न्यायालय में प्रभावी पैरवी कर अपराधियों को सजा दिलाने का विशेष अभियान चलाया गया।
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