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गोरखपुर: शादी से लौट रहे भाइयों पर हमला करने वालों की तलाश में दबिश, चुनावी रंजिश में हुई थी घटना

Wed, 26 May 2021 11:35 AM IST
vivek shukla अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।

सार

डॉ. दिलीप सिंह का नाम एफआईआर में नहीं, बोले मुझे बदनाम करने की कोशिश।
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प्रतीकात्मक तस्वीर। - फोटो : iStock
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विस्तार
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गोरखपुर जिले के चिलुआताल के सिंघोरवा के पास रविवार की रात शादी से लौटने के दौरान सगे भाइयों पर हमला करने के मामले में आरोपियों की तलाश में मंगलवार को पुलिस ने कई जगहों पर दबिश दी। पुलिस ने आठ लोगों पर केस दर्ज किया था। इसमें डॉ. दिलीप सिंह और पिंटू सिंह को आरोपी नहीं बनाया गया है। पीड़ित भाइयों ने पहले इन दोनों का नाम लिया था, लेकिन फिर तहरीर से नाम हटा दिया था।
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जानकारी के मुताबिक, चिलुआताल इलाके के सिंघोंरवा बाजार के रहने वाले अवनीश कुमार तिवारी उर्फ लुट्टूर तिवारी अपने चचेरे भाई बंटी के साथ रविवार की रात सहजनवां के लखनापार एक शादी समारोह में गए थे। लौटते समय डोहरियां बाजार के रहने वाले पिंटू मद्धेशिया और टुनटुन मद्देशिया से पुरानी रंजिश को लेकर उनकी हाथापाई हो गई। 

वहां से दोनों बाइक से घर आने के निकल लिए और सिंघोरवां बाजार चौराहे पर स्थित ट्यूबेल के पास ही पहुंचे थे कि इस बीच आरोप है कि चिलुआताल डोहरियां के रूदल सिंह दो कार में सवार अपने 8-10 साथियों के साथ आए और उनकी बाइक में टक्कर मार दी।
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नहीं दर्ज है मेरे ऊपर केस

जिससे दोनों वहीं पर गिर गए। लोगों ने हाकी, डंडे और राड से उनकी पिटाई शुरू कर दी। अवनीश खेत के रास्ते भागने लगे तो हमलावरों ने उनके ऊपर गोलियां चलाई, लेकिन अंधेरे की वजह से गोली नहीं लगी। इस बीच अन्य लोगों ने उनके चचरे भाई बंटी को पकड़ लिया और बुरी तरह पीटने के बाद छोड़ दिया। 

घटना की वजह पंचायत चुनाव की रंजिश जोड़ कर देखा जा रहा है। इसमें पुलिस पीड़ित की तहरीर पर चार नामजद मनीष सिंह उर्फ रूदल सिंह, अखिलेश सिंह, पिंटू मद्धेशिया व नौसाद अली सहित आठ लोगों पर केस दर्ज किया है।
 
चुनावी रंजिश में हुए हमले में जिन आठ लोगों पर केस दर्ज हुआ है उसमें डॉ. दिलीप सिंह और पिंटू सिंह का नाम शामिल नहीं है। डॉ. दिलीप ने बताया कि उनके या उनके भाई के ऊपर केस दर्ज नहीं है। पीड़ित से उनका कोई विवाद ही नहीं है।
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