गोरखपुर में दीक्षा एप को बढ़ावा देने व अधिक से अधिक प्रयोग को लेकर परिषदीय विद्यालयों के शिक्षक छात्रों व अभिभावकों को प्रेरित करेंगे। प्रत्येक शिक्षक को अपने विद्यालय में अध्ययनरत अथवा आसपास के कम से कम दस ऐसे अभिभावक जो दीक्षा एप से न जुड़े हों को दीक्षा एप डाउनलोड कराते हुए एप के उपयोग के लिए तैयार करेंगे। साथ ही ऐसे छात्रों-अभिभावकों को दीक्षा एप के प्रयोग की विधियों से अवगत कराएंगे।
शासन का मानना है कि अभी भी लगभग 1.80 करोड़ परिषदीय विद्यालयों एवं निजी विद्यालयों के लगभग दो करोड़ छात्रों के सापेक्ष महज तीस से चालीस फीसद छात्रों-अभिभावकों द्वारा दीक्षा एप का प्रयोग किया जा रहा है।
ऐसे में यह पहल दीक्षा एप के अधिक से अधिक प्रयोग को बढ़ावा देने में मददगार साबित होगा। विभाग ने दीक्षा पोर्टल पर दैनिक एक करोड़ कटेंट प्ले का लक्ष्य रखा है।
इस संबंध में बीएसए बीएन सिंह ने बताया कि महानिदेशक के पत्र को गंभीरता से लेते हुए सभी खंड शिक्षाधिकारियों से अपने-अपने ब्लाकों के शिक्षकों से कम से कम दस छात्रों-अभिभावकों को दीक्षा एप डाउनलोड कराने व उसका उपयोग करने के लिए प्रेरित करने के निर्देश दे दिए गए हैं।
छात्र-छात्राओं के लिए उपयोगी है दीक्षा एप
दीक्षा एप छात्र-छात्राओं के लिए काफी उपयोगी है। इसके जरिये छात्र सभी कक्षाओं एवं विषयाों के इच्छित टापिक से संबंधित डिजिटल कंटेंट सर्च कर सकते हैं। इसका निशुल्क उपभोग कर ज्ञानार्जन किया जा सकता है।