डीडीयू में परीक्षा नियंत्रक से बहस करता छात्र।
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दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक डॉ. कुलदीप सिंह से अभद्रता और धमकी दिए जाने के मामले में आरोपी दोनों छात्र निलंबित कर दिए गए हैं। दोनों के विश्वविद्यालय परिसर में प्रवेश पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है। नियंता ने मामले की जांच के लिए चार सदस्यीय समिति गठित की है।
डीडीयू के मुख्य नियंता डॉ. टीएन मिश्र ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए समिति से यथाशीघ्र जांच कर रिपोर्ट देने को कहा है। बताया जा रहा है कि दोनों छात्र विधि संकाय से हैं। इसलिए जांच समिति में विधि संकाय से भी दो शिक्षकों को शामिल किया गया है।
समिति की रिपोर्ट के आधार पर डीडीयू प्रशासन आगे निर्णय लेगा। इस मामले में एफआईआर के लिए पुलिस उपाधीक्षक (प्रज्ञान) और विश्वविद्यालय चौकी प्रभारी को भी पत्र लिखा गया है। परीक्षा नियंत्रक कार्यालय में हुई इस घटना से विश्वविद्यालय के अधिकारियों और कर्मचारियों में आक्रोश है।
नियंता ने निलंबन के आदेश में कहा है कि एलएलबी द्वितीय वर्ष के छात्र चंदन यादव निवासी ग्राम बथ खुर्द कोनी, धुरियापार ने परीक्षा नियंत्रक कार्यालय में घुसकर एलएलबी छठे सेमेस्टर के छात्र राहुल कुमार निवासी ग्राम साजनपार, देवरार टुला के लिए नियम विरूद्ध कार्य कराने के लिए दबाव बनाने का प्रयास किया।
साथ ही साथ कार्यालय के अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ अभद्र भाषा का भी प्रयोग किया जो विश्वविद्यालय की गरिमा एवं अनुशासन के प्रतिकूल और अशिष्ट व्यवहार है। दोनों छात्रों ने सरकारी कार्य में बाधा भी उत्पन्न की। इसे देखते हुए दोनों को निलंबित कर परिसर में उनका प्रवेश प्रतिबंधित किया जाता है।
यह है मामला
सोमवार को विधि विभाग के छात्र चंदन यादव और राहुल कुमार ने कार्यालय में घुसकर परीक्षा नियंत्रक से दुर्व्यवहार करने के साथ ही धमकी भी दी थी। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। डीडीयू प्रशासन ने दोनों छात्रों को पकड़कर पुलिस के सुपुर्द कर दिया था। परीक्षा नियंत्रक ने इस संबंध में नियंता को पत्र लिखकर शिकायत दर्ज कराई थी और कार्रवाई की सिफारिश की थी।